Bahraich news: बहराइच जिले में भेड़िए का आतंक एक बार फिर शुरू हो गया है। मां के साथ आंगन में सो रहे। मासूम बच्चे को भेड़िया उठा ले गया। सुबह घर से 2 किलोमीटर की दूरी पर मासूम का शव मिला है। परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
Bahraich News: बहराइच जिले में एक बार फिर भेड़िया ने आतंक मचा दिया है। आंगन में मां के साथ सो रहे दो वर्ष के मासूम आयुष को भेड़िया गर्दन पकड़ कर उठा ले गया। पीछे से चिल्लाती हुई मां और उसके परिवार के अन्य लोगों ने पीछा किया। लेकिन अंधेरे का फायदा उठाकर भेड़िया खेत में चला गया। सुबह घर से 2 किलोमीटर की दूरी पर गन्ने के खेत में मासूम का शव मिला है। हाथ और पैर गायब थे। घटना के बाद से पूरे परिवार का रो-रो कर बुरा हाल है। वही गांव में मातम पसर गया है।
Bahraich News: बहराइच ज़िले के महसी इलाके में फिर जंगली जानवरों का आतंक शुरू हो गया है। आंगन में मां के साथ सो रहे 2 वर्षीय मासूम आयुष को गर्दन दबाकर भेड़िया उठा ले गया। बच्चे का शव बाद में गन्ने के खेत में बरामद किया गया। जिससे ग्रामीणों में डर का माहौल व्याप्त हो गया है। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर जांच किया। मृत बच्चों के आसपास जंगली जानवर के पग चिन्ह पाए गए हैं। जिसके अनुसार आशंका व्यक्त की जा रही कि यह निशान भेड़िया के ही हैं। यह घटना जिले के हरदी थाना के गांव गदामार खुर्द गढ़ी पुरवा का है।
हरदी थाने की पुलिस के साथ रातभर ग्रामीण व परिजन खेतों में आयुष की तलाश करते रही। लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला सका।
मासूम के दोनों हाथ व एक पैर गायब था। वहीं खेत में पगचिह्न मिले। शव देख परिजन समेत पूरे गांव के लोग बिलख पड़े। आयुष फखरपुर क्षेत्र के कोठवल कला का रहने वाला था। वह मां के सा अपने नाना के घर हरदी क्षेत्र की ग्राम पंचायत गदामार कला के मजग गटीपरवा आया था। वह मां के साथ आंगन में सो रहा था
वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। और उन्होंने जंगली जानवर के आतंक को कम करने के लिए विशेष अभियान चलाने की भी घोषणा की है। स्थानीय प्रशासन और वन विभाग के अधिकारी फिलहाल केस की जांच में जुटे हुए हैं। इलाके में पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है। ताकि ऐसी घटनाओं को दोहराया न जाए। ग्रामीणों ने भी सुरक्षा में वृद्धि की मांग की है। ताकि अपने बच्चों के जीवन की सुरक्षा कर सकें।