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डोंगरमाली में रूकवाया गया हिमांशु का बाल विवाह

प्रशासन की समझाइश के बाद माने परिजन

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डोंगरमाली में रूकवाया गया हिमांशु का बाल विवाह

डोंगरमाली में रूकवाया गया हिमांशु का बाल विवाह

बालाघाट. वारासिवनी तहसील के ग्राम डोंगरमाली में नाबालिग बालिका का विवाह रूकवाया गया है। ग्राम डोंगरमाली के परसराम ठकरेले की पुत्री हिमांशु ऊर्फ नीलू का विवाह 13 अप्रैल को पंकज मोटू के साथ होना तय हुआ था। ग्रामीणों द्वारा महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी वारासिवनी को सूचित किया गया कि बालिका हिमांशु ऊर्फ नीलू नाबालिग है और उसका बाल विवाह कराया जा रहा है। इस पर परियोजना अधिकारी पीयूष बोपचे ने रामपायली थाने के एएसआई दादाम पटले, महिला आरक्षक भागवता वरकड़े, ग्राम के सचिव नरेन्द्र ठाकरे, ग्राम प्रधान आलोक बिसेन, पटवारी दीपक कुमार राहंगडाले, ग्राम कोटवार व आंगनबाड़ी कार्यकत्र्ता ज्योति क्षीरसागर के साथ 12 अप्रैल को डोंगरमाली में परसराम के घर पहुंचकर पूरे प्रकरण की जांच की गई। जांच में बालिका हिमांशु ऊर्फ नीलू ठकरेले की जन्म तिथि 28 जुलाई 2004 की पाई गई। जिसके अनुसार उसकी वर्तमान आयु 16 वर्ष 9 माह की है। इस पर बालिका के पिता व उसके परिजनों को समझाया गया कि 18 वर्ष की आयु के पहले बालिका का विवाह कराना कानूनन अपराध है और उन्हें जेल की सजा हो सकती है। अधिकारियों की समझाइश के बाद बालिका परिजन इस बात पर तैयार हो गए कि वे 13 अप्रैल को हिमांशु का विवाह नहीं करेंगें और उसके 18 वर्ष की होने पर ही विवाह करेंगें।