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जिले में नहीं रूक रहा वन्य प्राणियों की मौत का सिलसिला

अब मगरदर्रा सर्किल में मिला मादा तेंदुए का शव शिकार या संघर्ष, फिर हुई तेंदुए की मौत दिसंबर माह में यह तीसरी घटना, कारण अज्ञात मामले की जांच में जुटा विभाग, पीएम रिपोर्ट का इंतेजार

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अब मगरदर्रा सर्किल में मिला मादा तेंदुए का शव

अब मगरदर्रा सर्किल में मिला मादा तेंदुए का शव

जिले में वन्य प्राणियों की मौत का सिलसिला बदस्तूर जारी है। जहां कभी शिकार तो कभी अन्य कारणों के चलते वन्य प्राणियों को मौत की मौत के मामले लगातार समाने आ रहे हंै। लगातार वन्य प्राणियों की हो रही इन मौत के बीच उत्तर सामान्य वन मंडल के अंतर्गत आने वाले ग्राम मगरदर्रा सर्किल बीट के खेत में एक मादा तेंदुए की मौत होने का मामला सामने आया है। पिछले 15 दिनों में वन्य प्राणी की मौत का यह तीसरा मामला है। वन विभाग द्वारा तेंदुए के सिर व पेट में चोट लगने से मौत की आशंका जताई जा रही है। हालांकि यह चोट कैसे लगी फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है। कोई इसे महज एक घटना बता रहा है तो कोई इसे आपसी संघर्ष का नतीजा मान रहे हंै। बहरहाल विभागीय टीम द्वारा मृत तेंदुए के अवशेषों को जांच के लिए लैब पहुंचाकर विधि विधान के अनुसार शव को जलाकर नष्ट किया गया। मामले की हर एंगल से जांच शुरू कर दी गई है।

शुरू की मामले की जांच

बताया गया कि गुरुवार की सुबह ग्रामीणों द्वारा मगरदर्रा सर्किल के एक खेत में एक मादा तेंदुए को मृत देखा। सूचना उन्होंने विभाग के कर्मचारियों को दी। विभाग के कर्मचारियों ने वरिष्ठ अधिकारियों को मामले से अवगत कराते हुए वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में मृत तेंदुए का पोस्टमार्टम कराकर फॉरेंसिक जांच के लिए सैंपल भोपाल भेजे हैं। वरिष्ठ अधिकारियों की प्रमुख उपस्थित में मृत तेंदुए के शव को नष्ट करने की कार्रवाई कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। उधर वन विभाग अधिकारियों ने अपना खुफिया तंत्र मजबूत कर दिया है। मामले की जांच शुरू कर दी है।

आपसी संघर्ष की आशंका

जिले में बढ़ती हिंसक वन्यप्राणियों की संख्या के चलते, अब वन्यप्राणी अपने क्षेत्र के लिए संघर्ष करने लगे हंै। जहां अधिकार क्षेत्र को लेकर आए दिनों होने वाली वर्चस्व की लड़ाई में अक्सर किसी न किसी हिंसक वन्य प्राणी की मौत हो जाती है। शुरूआती दौर में इस घटना की वजह 2 तेंदुओ के बीच आपसी संघर्ष को माना जा रहा हंै। वहीं चोट के निशान को देखते हुए इसे चट्टान से गिरने या कूदने के दौरान पेट व सिर में चोट लगने के भी आशंका जताई जा रही है।

सुबह किया गया अंतिम संस्कार

जानकारों की मानें तो तेंदुआ में आपसी संघर्ष आमतौर पर सहवास या क्षेत्रीय वर्चस्व को लेकर होता है। नर तेंदुए अक्सर अपने इलाके की रक्षा के लिए दूसरे तेंदुओं से संघर्ष करते है। वहीं कभी-कभी मादा को भी मार डालते हैं। बताया गया कि मगरदर्रा में मादा तेंदुए का शव मिलने के बाद उसे बरामद कर प्रोटोकॉल के तहत गुरुवार को अंतिम संस्कार कर दिया गया है।