
बालोद. जिले के आंगनबाड़ी आज से हाईटेक हो जाएगा। अब आंगनबाड़ी कार्यकर्ता शनिवार से आंगनबाड़ी संबंधित रिकार्ड के जितने भी काम हैं वो अब टैबलेट से करेंगे। इसके लिए बाकायदा महिला एव बाल विकास विभाग ने जिले के सभी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को एंड्रॉइड मोबाइल दिया है। इस एंड्रॉइड मोबाइल में बकायदा विभाग का साफ्टवेयर अपलोड के साथ एप्स भी डाला गया है। अब सारा काम मोबाइल से ही ऑनलाइन करेंगे।
जिले के आंगनबाड़ी कार्यकर्ता कार्यालयीन काम अब पेन-कलम से नहीं, बल्कि मोबाइल से ऑनलाइन करेंगे जिसकी शुरुआत शुक्रवार को जिले में विभाग ने कर दिया है। अब कार्यकर्ताओं को लिखा-पढ़ी और रिपोर्टं बनाने में आसानी होगी। मोबाइल की खासियत ये होगी कि कार्यकर्ता अपने विभाग के किसी भी कार्यकर्ता व अधिकारी से इसमें बात कर सकते हैं। अपनी परेशानी या कोई जानकारी ले सकते हैं। सरकार ही इसमें बेलेंस डलवाएगी।
ऑनलाइन प्रक्रिया का पहले दिया गया प्रशिक्षण
शासन द्वारा अब महिला बाल विकास विभाग के हर कार्य को ऑनलाइन करने के लिए यह अभियान चलाया है। गुरुवार को कार्यक्रम अधिकारी समीर पांडेय ने इन कार्यकर्ताओं को मोबाइल सेट इंटरनेट चलाने की ट्रेनिंग दी। कार्यकर्ताओं को शासन आइसिटि व अरटीएम मोबाइल का वितरण किया जा रहा है। सेट चलाने प्रशिक्षण दिया गया।
जिले के सभी 1449 कार्यकर्ताओं बताएंगे ऑनलाइन काम
जिला महिला बाल विकास कार्यक्रम अधिकार समीर पांडेय ने बताया जिले में कुल 1449 आंगनबाड़ी केन्द्र हैं। इन केन्द्रों के सभी कार्यकर्ताओं को मोबाइल स्मार्ट मोबाइल दिया जा रहा है। अब ए कार्यकर्ता विभाग के अंतर्गत आने वाले सभी 11 प्रकार के कार्यों को इन्ही स्मार्ट मोबाइल मोबाइल से करेंगे।
कार्यकर्ता एक-दूसरे से कर सकती हैं नि:शुल्क बात
शासन द्वारा जिले में इस तरह की पहली बार योजना लागू की गई है। यह योजना आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं सहित विभाग के लिए अच्छी योजना है। इन मोबाइल मोबाइल में शासन हर माह 100 रुपए का टॉकटाइम व 1 जीबी इंटरनेट पैक डलवाएगा जिसका उपयोग इंटरनेट चलाने के लिए करेंगे। यही नहीं एक कार्यकर्ता दूसरे कार्यकर्ता से नि:शुल्क बात भी कर सकेंगीं।
184 कार्यकर्ताओं को मोबाइल का वितरण
वर्तमान में ए कार्यकर्ता विभाग के किसी भी काम के लिए अपने मोबाइल से खुद बेलेंस खर्च कर बात करते थे। यह शिलशिला जिले के 8 परियोजना के अंतर अन्य को भी वितरण किया जा रहा है। बताया जाता है कि अब विभागीय कार्य को तेज व हाइटेक करने के लिए यह उपक्रम चलाया जा रहा है।
इन कामों की मिलेगी जानकारी
मोबाइल से कुपोषण, रेडी टू ईट, पूरक पोषण आहार, टीकाकरण, बच्चों की संख्या सहित कुल 11 प्रकार के विभागीय कार्य किए जाएंगे। अब ए कार्यकर्ता रजिस्टर, कापी, पेन का उपयोग नहीं के बराबर करेंगे, वे ऑनलाइन एंट्री कर विभाग को जानकारी देंगे। जानकारी के मुताबिक मोबाइल मोबाइल का वितरण करने के साथ प्रत्येक परियोजना में इंटरनेट चलाने व विभागीय कार्यों को किस तरह मोबाइल मोबाइल से किया जाएगा इसकी जानकारी मास्टर ट्रेनर द्वारा दिया जा रहा है।
कार्यकर्ताओं को स्मार्ट मोबाइल
कार्यक्रम अधिकारी समीर पांडेय ने बताया कि आंगनबाड़ी केन्द्रों में अब जितने भी कार्य होंगे वह हाइटेक व ऑनलाइन से तेजी से होंगे। इसीलिए आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को स्मार्ट मोबाइल दिया गया है।अब आज से इसका उपयोग आंगनबड़ीकर्ता करेगी।
Published on:
02 Sept 2017 12:45 am
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