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दवा छिड़काव से धान की फसल हुई थी खराब, 14 किसानों को कंपनी ने दिया 24.26 लाख का चेक

बालोद जिले के ग्राम जगन्नाथपुर, परसदा, सुंदरा, नवागांव, कमरौद सहित 6 गांव के 14 किसानों ने धान की फसलों पर दवाई का छिड़काव किया था, जिससे उनकी फसल खराब हो गई थी। कृषि विभाग की टीम ने भी इसे जांच सही पाया।

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बालोद जिले के ग्राम जगन्नाथपुर, परसदा, सुंदरा, नवागांव, कमरौद सहित 6 गांव के 14 किसानों ने धान की फसलों पर दवाई का छिड़काव किया था, जिससे उनकी फसल खराब हो गई थी। कृषि विभाग की टीम ने भी इसे जांच सही पाया।

Compensation for crop loss बालोद जिले के ग्राम जगन्नाथपुर, परसदा, सुंदरा, नवागांव, कमरौद सहित 6 गांव के 14 किसानों ने धान की फसलों पर दवाई का छिड़काव किया था, जिससे उनकी फसल खराब हो गई थी। कृषि विभाग की टीम ने भी इसे जांच सही पाया। इधर आईपीएल दवाई कंपनी के अधिकारी नए पीडि़त किसानों को नुकसान के बदले 24 लाख 62 हजार 500 रुपए का चेक प्रदान किया है।

किसानों ने पत्रिका व कृषि विभाग का आभार माना

पीडि़त किसानों की परेशानी पर पत्रिका ने लगातार समाचार का प्रकाशन कर शासन-प्रशासन को अवगत कराया था। किसानों ने कृषि विभाग से भी शिकायत की थी। कृषि विभाग के उपसंचालक जीएस ध्रुव ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच टीम बनाई। टीम की रिपोर्ट में भी किसानों की शिकायत सही पाई गई। किसानों ने पत्रिका व कृषि विभाग का भी आभार माना।

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80 से 90 प्रतिशत फसल हो गई थी खराब

जिले के ग्राम सांकरा (ज) जगन्नाथपुर, परसदा, सुंदरा, नवागांव, कमरौद, पिरीद के कृषकों ने इंडिया पेस्टीसाइड लिमि. का उत्पाद वैलिडामाईसिन 3 प्रतिशत एल के उपयोग से फसल नुकसान की जानकारी मिली थी। किसानों ने उचित मुआवजे की मांग भी की थी। इसके आधार पर जांच टीम गठित की गई। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों एवं कृषि विभाग के अधिकारियों ने स्थल निरीक्षण किया। कृषकों की फसल दवाई के उपयोग के कारण 80-90 प्रतिशत खराब हो गई थी।

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किस किसान की कितना मिला मुआवजा

किसान - मुआवजा राशि
ललित कुमार - 2. 50 लाख
अर्जुन देशमुख - 1.12 लाख 500
ज्योति / नूनकरण - 4 लाख
ईश्वर साहू - 1.50 लाख
सालिक राम - 1 लाख
कमल किशोर - 1.50लाख
कृपालु साहू - 1.50 लाख
दुखूराम - 1.50 लाख
भीमराज साहू - 50 हजार
हिरमान ठाकुर - 2.50 लाख
तुकेश देशमुख - 1.50 लाख
नंद कुमार - 1.50 लाख
वेंकेश्वर - 1.50 लाख
राधेश्याम कुरैशिया - 2.50 लाख
कुल - 24 लाख 62 हजार 500 रुपए

कृषि उपसंचालक ने तत्काल जांच कराई

किसानों की शिकायत व पत्रिका की खबर को कृषि उपसंचालक जीएस ध्रुव ने गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की। मामले में निष्पक्ष जांच के बाद आखिरकार दवाई निर्माण करने वाली कंपनी ने मुआवजा देने को तैयार हुई।

मुआवजा मिला तो किसान हुए खुश

मंगलवार को कृषि विभाग कार्यालय में कृषि उपसंचालक ने पीडि़त किसानों को चेक वितरण किया। मुआवजा मिलने के बाद किसान खुश भी नजर आए। कुछ किसान हताश भी थे, आखिर मुआवजा मिलेगा या नहीं। किसानों को अब मुआवजा राशि दे दी गई है।

14 किसानों को दिया गया चेक

कृषि उपसंचालक बालोद जीएस ध्रुव ने बताया कि दवाई कंपनी ने फसल नुकसान के आधार पर मुआवजा राशि के लिए 24 लाख 62 हजार 500 रुपए का चेक 14 किसानों को दिया। जिसे किसानों को वितरण भी कर दिया गया है।