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40 तालुकों को मिलेंगी डायलिसिस इकाइयां : स्वास्थ्य मंत्री

- विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति जल्द

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40 तालुकों को मिलेंगी डायलिसिस इकाइयां : स्वास्थ्य मंत्री

40 तालुकों को मिलेंगी डायलिसिस इकाइयां : स्वास्थ्य मंत्री

- नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर में 12000 से ज्यादा लोगों ने कराई जांच

चामराजनगर जिले के कोल्लेगल शहर में सोमवार को आयोजित मेगा स्वास्थ्य मेले में 12,000 से अधिक लोगों ने स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया। मेले को जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली। वन सीमाओं पर रहने वाले लोग, आदिवासी और अन्य लाभार्थियों में शामिल थे। इस अवसर पर लाभार्थियों को स्वास्थ्य कार्ड वितरित किए गए।

आशा किरण योजना के तहत मिलेगा चश्मा

स्वास्थ्य मंत्री दिनेश गुंडुराव ने मेले का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि कोल्लेगल स्वास्थ्य मेले ने राज्य के अन्य हिस्सों में ऐसे मेगा स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने राह दिखाई है। यदि मरीजों को उन्नत स्वास्थ्य देखभाल की आवश्यकता होगी, तो ऐसे मरीजों को इलाज के लिए बेंगलूरु और मैसूरु अस्पतालों में भेजा जाएगा। चामराजनगर के 60,000 लोगों और 17,000 बच्चों को जल्द ही जिले में आशा किरण योजना के तहत चश्मा मिलेगा।

मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार अनुबंध प्रणाली के तहत विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति पर सहमत हो गई है। इस संबंध में चामराजनगर जिला प्रशासन कदम उठा सकता है और जिले में पदों की आवश्यकता पर प्रस्ताव भेजा जा सकता है।

बाहर से दवाएं न लिखें

उन्होंने सरकारी चिकित्सकों को निर्देश दिया कि वे बाहर से दवाएं न लिखें और सभी दवाएं अस्पतालों में उपलब्ध कराई जाएं। 42 तालुकों को डायलिसिस इकाइयां मिलेंगी और हनूर तालुक के रामपुर को ऐसी एक सुविधा मिलेगी। राज्य में तालुक अस्पतालों के विकास के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।

मेला सफल रहा मैसूरु

जिले के प्रभारी मंत्री के. वेंकटेश ने कहा कि यदि आवश्यक हुआ तो अन्य तालुकों में स्वास्थ्य मेले आयोजित किए जाएंगे। भीड़ को देखते हुए मेला सफल रहा।

रेडियोलॉजिस्ट की मांग

विधायक ए.आर. कृष्णमूर्ति ने कोल्लेगल तालुक अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति की मांग की क्योंकि रिक्त पद के कारण मरीजों को परेशानी हो रही है। उन्होंने कहा कि येलंदूर शहर में 100 बिस्तरों वाला अस्पताल स्वीकृत किया गया है, लेकिन यह अभी तक चालू नहीं हुआ है। यहां तक कि हनूर शहर को जल्द से जल्द एक तालुक अस्पताल मिलना चाहिए और रामपुर के लिए डायलिसिस यूनिट के जल्द पूरा होने की कामना की। तकनीकी खराबी के कारण, हनूर में डायलिसिस यूनिट काम नहीं कर रही थी और समस्याओं को जल्द ही हल करने की आवश्यकता थी।