
बेंगलूरु में 15 साल पुराने वाहनों पर रोक लगेगी!
बेंगलूरु. परिवहन मंत्री डी.सी.तम्मण्णा ने कहा कि बेंगलूरु के अंतर्गत यातायात समस्या को हल करने के उद्देश से १५ साल पुरानी वाहनों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाई जाएगी।
उन्होंने सोमवार को टाउन हाल मेंं परिवहन विभाग और यातायात पुलिस विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित 30वें राष्ट्रीय सडक़ सुरक्षा सप्ताह २०१९ के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में कहा कि शहर में यातायात समस्या हल करने के लिए कई सालों से अंडर पास, फ्लाई ओवर, ग्रेड सेपरेटर और नम्मा मेट्रो योजना आरंभ करने के बावजूद यातायात समस्या हल होने के बजाए बिगड़ती जा रही है।
वाहनों की संख्या अधिक होने के कारण प्रदूषण भी अधिक फैल रहा है। इससे नागरिकों के स्वास्थ्य पर इसका गहरा असर पड़ रहा है। इसलिए भविष्य को ध्यान में रखकर पहले बेंगलूरु में १५ साल पुराने वाहनों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने के बाद प्रदेश में भी पुराने वाहनों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगेगा। उन्होंने कहा कि सरकार किसी दबाव में नहीं आएगी। उच्चतम न्यायालय ने भी ऐसा आदेश दिया है।
नागरिकों को निजी वाहनों का इस्तेमाल करने के बजाए मेट्रो रेल और बीएमटीसी बसों का इस्तेमाल करना चाहिए। हर माह ४ तारीख को बस दिवस मनाया जाता है। इस कार्यक्रम को सफलता मिल रही है। प्रदेश की जनसंख्या कुल सात करोड़ है और वाहनों की संख्या ३.५२ करोड़ से अधिक है।
बेंगलूरु में ही १.३० करोड़ की जनसंख्या है और वाहनोंं की संख्या ७८ लाख से अधिक है। इसके अलावा बेंगलूरु में बाहर से भी वाहन आते हैं। शहर के वाणिज्य क्षेत्रों और मार्केट में भारी वाहनों को दिन के समय प्रवेश नहीं मिलेगा। शहर के चारों तरफ टर्मिनल बनाए गए हंै। इसके अलावा शहर के बाहरी क्षेत्रों में पांच बस टर्मिनल भी बनाए जा रहे हैं। शहर आने वाले यात्रियों को अनिवार्य रूप से मेट्रो रेल या बीएमटीसी बसों का इस्तेमाल करना होगा।
इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (यातायात) पी.हरिशेखरन ने कहा कि गत वर्ष सडक़ हादसों में ४,२४२ लोगों की मौत हुई थी और आठ हजार सेअधिक लोग जख्मी हुए थे। वाहनोंं की संख्या अधिक होने से हादसे भी अधिक हो रहे हैं। अगर यातायात नियमों का पालन किया गया तो हादसों की संख्या पचास फीसदी तक कम हो सकती है।
यातायात पुलिस स्कूलों, कॉलजों, शिक्षा संस्थानों तथा सार्वजनिक क्षेत्रों मेंं यातायात नियमों से संबंधित जागृति अभियान चलाया जा रहा है। एक सप्ताह में बेंगलूरु में २२० से अधिक जागृति अभियान कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इस अवसर पर विधायक उदय गरुड़ाचार, एन.ए.हैरिस, अभिनेत्री रागिनी द्विवेदी, अभिनेता प्रेम और पुलिस अधिकारी उपस्थित थे।
Published on:
12 Feb 2019 11:55 pm
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