विधान परिषद
में पारित प्रस्ताव में कहा गया है कि राज्य के कावेरी जलाशयों में काफी कम
मात्रा में पानी उपलब्ध है और इसका उपयोग सिर्फ राज्य में पेयजल जरुरतों
को पूरा करने के लिए किया जाना चाहिए। प्रस्ताव पारित होने के साथ ही
सभापति डॉ डी एस शंकरमूर्ति ने सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के स्थगित कर
दी। चर्चा के दौरान सदन में सभी पक्षों के सदस्यों ने कहा कि राज्य के पास
अपनी जरुरतें पूरी करने के लिए भी पर्याप्त पानी नहीं है, ऐसे में किसी
राज्य को पानी नहीं दिया जा सकता है।