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केंद्रीय सहायता के लिए दो दिन में प्रस्ताव बनाने के निर्देश

बारिश : सीएम की अध्यक्षता में हुई बैठक

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केंद्रीय सहायता के लिए दो दिन में प्रस्ताव बनाने के निर्देश

बेंगलूरु. मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने राज्य के कोडुगू, दक्षिण कन्नड़, उत्तर कन्नड़, उडुपी, चिकमगलूरु, हासन तथा शिवमोग्गा जिलों में हुई भारी बारिश के कारण हुई क्षति के बारे में अगले दो दिन में विस्तृत प्रस्ताव तैयार करने के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं ताकि आर्थिक सहायता के लिए केन्द्र सरकार को ज्ञापन दिया जा सके। राज्य के कोडग़ू सहित अन्य जिलों में पिछले तीन माह से हो रही बारिश व बाढ़ के कारण हुई क्षति के संबंध में केन्द्र सरकारको ज्ञापन देकर सहायता मांगने के मसले पर सोमवार को यहां मुख्यमंत्री कुमारस्वामी की अध्यक्षता मे बुलाई गई उच्च स्तरीय बैठक में विचार-विमर्श के बाद मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह निर्देश दिए।

बैठक में कहा गया कि करीब 800 मकानों को बारिश व बाढ़ के कारण क्षति पहुंची है और कोडग़ू के अलावा अन्य जिलों में बी अनेक मकान ढ़हे हैं और क्षतिग्रस्त हुए हैं। अधिकारियों ने बताया कि प्रारंभिक जानकारी के अनुसार राज्य में करीब 2,225 किमी लंबे राष्ट्रीय राजमार्ग, राज्य राजमार्ग तथा जिला सड़कें क्षतिग्रस्त हुई है और करीब 240 पुल टूट गए हैं और 6 5 सरकारी भवन क्षतिग्रस्त हो गए हैं, उनकी मरम्मत के लिए 3000 करोड़ रुपए की आवश्यकता है।

अधिकारियों ने बैठक में बताया कि राज्य के कई प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्ग क्षतिग्रसत होकर बंद हो गए हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 275 पर मडिकेरी से सुल्या, एनएच 75 पर सकलेशपुर से गुंड्या, एमएच 234 पर कुट्टेगेहारा से चार्माडी के बीच भू-स्खलन के कारण आवागमन रोक दिया गया है। उन्होंने बताया कि कोडग़ू जिले में करीब 4500 लोगों को सुरक्षित निकाला गया है और 53 राहत केन्द्रों में कुल 7500 लोगों को आश्रय दिया गया है। उन्हें रोज 50 हजार खाने के पैकेट वितरित दिए जा रहे हैं और विस्थापित लोगों को अनाज भी वितरित किया गया है।

मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने बाढ़ से क्षतिग्रस्त सड़कों, पुलों, सरकारी भवनों के बारे में विस्तार से प्रस्ताव तैयार करने, निजी भवनों व मकानों को पहुंची क्षति के बारे में पृथक प्रस्ताव तैयार करने, कॉफी, काली मिर्च, मसालों व धान की फसलों को नुकसान का विस्तार से आकलन करने के निर्देश दिए। उन्होंने बाढ़ प्रभावित इलाकों में राशन की सप्लाई, पेयजल की उपलब्धता और संक्रामक रोगकों की रोकथाम के लिए आवश्यक उपाय करने के निर्देश दिए। बैठक में ग्रामीण विकास व पंचायत राज मंत्री कृष्णा बैरेगौड़ा, जल संसाधन मंत्री डीके शिवकुमार, पर्यटन मंत्री सा.रा.महेश, शहरी विकास व आवासन मंत्री यू.टी. खादर, मुख्य सचिव टी.एम. विजय भास्कर, वित्त विभाग के प्रमुख सचिव आइएसएन प्रसाद, विकास आयुक्त वंदिता शर्मा, राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव गंगाराम बडेरिया,आवासन विभाग के प्रमुख सचिव जी. रविशंकर, ग्रामीण विकास व पंचायत राज विभाग के प्रमुख सचिव एल.के. अतीक सहित अन्य अधिकारियों ने भाग लिया।