
इन्हें लोग कहते हैं जंगल इनसाइक्लोपीडिया, कर दिया कुछ ऐसा काम के मिला पद्मश्री
बेंगलूरु. अशिक्षित होने के बावजूद एक लाख से ज्यादा पेड़ लगाने वाली आदिवसी महिला तुलसी गौड़ा भी उन लोगों में शामिल हैं, जिन्हें इस साल पद्मश्री सम्मान के लिए चुना गया है।
पेड़ों और जड़ी-बूटियों के बारे में गहरी जानकारी होने के कारण 72 वर्षीय तुलसी गौड़ा को जंगल इनसाइक्लोपीडिया भी कहा जाता है। गरीब आदिवासी परिवार में जन्म लेने के बावजूद तुलसी ने पिछले 60 साल के जीवन में न सिर्फ हजारों की संख्या में पेड़ लगाए । वनीकरण प्रयास के लिए कड़ी मेहनत करनी वाली तुलसी ने अंकोला तालुक में एक लाख पेड़ लगाए हैं। तुलसी आज भी अपने गांव होनल्ली में एक झोपड़ी में रहती हैं। तुलसी ने कुछ समय तक वन विभाग के साथ भी काम किया।
Published on:
27 Jan 2020 06:53 pm
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