द्वार का भी हुआ उद्घाटन
मैसूरु. सुविधिनाथ राजेंद्रसूरी जैन ट्रस्ट के तत्वावधान में मुनि हितेशचंद्र एव दिव्यचंद्र, साध्वी वीरेशपद्माश्री की निश्रा में चल रहे गुरु सप्तमी पर्व के तहत रविवार को प्रभु परमात्मा व गुरु महाराज के द्वार का उद्घाटन भंवरलाल वाणीगोता परिवार द्वारा किया गया। अन्य लाभार्थियों ने केसर,धूप, दीप पूजा आदि लाभ लिया। महावीर भवन में मुनि ने राजगढ़ एवं मोहनखेड़ा का इतिहास बताया। महावीर भवन में आयंबिल एवं एकासना के सहयोगी सोहनबाई हस्तीमाल भंडारी का संघ द्वारा बहुमान किया गया। दोपहर में राजेंद्रसूरी गुरुपद महापूजन किया गया। शाम की आरती बग्सूबाई वस्तीमल हरण द्वारा की गई। राजेंद्र सूरी संगीत मंडल द्वारा रात की भक्ति कराई गई। इस अवसर पर गुरुदेव द्वारा रचित गुरुपद महापूजा व नवकार महामंत्र की पुस्तक का पदाधिकारी द्वारा विमोचन किया गया। इस अवसर पर सुविधिनाथ राजेन्द्रसूरी जैन ट्रस्ट के अध्यक्ष शांतिलाल हरण, सचिव मांगीलाल गोवाणी, कोषाध्यक्ष धनेश मेहता, सुमतिनाथ जैन संघ के अध्यक्ष भैरूमल राठोड़, ट्रस्टी हंसराज पगारिया, राजेंद्रसूरी नवयुवक मंडल के उपाध्यक्ष भरत गांधीमूथा, कोषाध्यक्ष राकेश भंडारी, पाश्र्व पद्मावती ट्रस्ट के अध्यक्ष दलीचंद श्रीश्रीमाल, रॉयल सिटी के अध्यक्ष कैलाश भंडारी, जैन विहार सेवा समूह के संदीप संकलेचा मौजूद रहे।
गुरुदेव का गुणानुवाद किया
मैसूरु. अखिल भारतीय राजेन्द्र जैन महिला परिषद मैसूरु के तत्वावधान में गुरु सप्तमी के उपलक्ष में गुरुदेव का गुणानुवाद कर मंगलाचरण किया। महल परिसर के सामने कबूतर खाना स्थल पर कबूतरों को दाना डाला। मैसूरु पिंजरापोल सोसायटी में गाय को गोद लिया। ठंड से बचाव के लिए ग्वालो ंको कंबल और ऊनी वस्त्र दिए। इस अवसर पर दक्षिण प्रांत अध्यक्ष उषा वोहरा, मैसूरु अध्यक्ष कंचन झोटा, उपाध्यक्ष विमला बाफना, सचिव सीमा मलानी,नीतू दोसी,शोभा उपस्थित रही।