
जनप्रतिनिधियों का फोन उठाएंगे जिम्मेदार
समीक्षा के दौरान पाया गया कि जिले में आबादी के सापेक्ष विद्युत कनेक्शन कम है और विद्युत चोरी का मुख्य कारण यही है। विद्युत कनेक्शन देने के कार्य में गति दी जाए और विद्युत चोरी रोकने के लिए टेक्नोलॉजी का भी प्रयोग किया जाए। सभापति ने कहा कि अपनी इंजीनियरिंग को सोशल इंजीनियरिंग के रूप में प्रयोग करें जनप्रतिनिधियों का फोन उठाए। उनके साथ समन्वय बनाकर कार्य करें, संवादहीनता की स्थिति न उत्पन्न होने दें तो समस्याएं स्वतः कम हो जाएगी। सभापति ने विद्युत विभाग के अभियंताओं को निर्देश दिए कि विद्युत उपभोक्ताओं को बेहतर सुविधाएं देने के लिए शासन से जिले को कुल 1600 करोड़ की विभिन्न योजनाएं स्वीकृत की गई है।
गले में पहचान पत्र डालकर बिल निकालने जाएंगे मीटर रीडर
लोगों को विद्युत कनेक्शन लेने में समस्या न हो इसका विशेष ध्यान रखते हुए गंभीरता से कार्य करें। विद्युत ट्रांसफार्मर खराब होने पर समय पर बदले जाएं इसका अतिरिक्त कोई भी चार्ज उपभोक्ता पर न लगाया जाए। समिति को जानकारी दी गई कि वर्ष 2023-24 में विद्युत से जनहानि के 17 व पशु हानि के आठ केस हुए हैं। इसमें से जनहानि के 10 व पशुहानि के पांच पीड़ितों को मुआवजा दिया जा चुका है। समिति ने निर्देश दिए कि अवशेष को यथाशीघ्र मुआवजा दिया जाए। समिति ने निर्देश दिए कि मीटर रीडरों के पहचान पत्र निर्गत किए जाए और वह अपना पहचान पत्र गले में डालकर ही विद्युत बिल निकालने जाएं। विद्युत बिल उपभोक्ता के हाथ में ही दे गेट के ऊपर या नीचे से न डाले।
बैठक में ये रहे मौजूद
बिना उच्चाधिकारियों के संज्ञान में लाए छापेमारी न की जाए। सभापति ने बिंदुवार समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि सभी बिंदुओं पर लिए गए निर्णय का पालन सुनिश्चित किया जाए। बैठक के अंत में डीएम शिवाकान्त द्विवेदी ने समिति द्वारा लिए गए निर्देशों के अनुपालन के लिए आश्वस्त किया। समिति के उप सचिव प्रताप नारायण द्विवेदी, सदस्य बृजेश कुमार सिंह, अशोक कटारिया, कुंवर महाराज सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष रश्मि पटेल, महापौर डॉ. उमेश गौतम, विधायक फरीदपुर डॉ. श्याम बिहारी लाल, विधायक नवाबगंज डॉ. एमपी आर्य, विधायक डॉ. डीसी वर्मा, अधिकारियों में मुख्य विकास अधिकारी जग प्रवेश, विद्युत विभाग के समस्त अधिकारी मौजूद रहे।
Published on:
19 Sept 2023 09:35 pm
