
न बहाल किया और तीन वेतन वृद्धि भी नहीं किया
नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत कर्मचारी मुकेश बाबू को 2022 में सस्पेंड कर दिया था। तीन वेतन वृद्धि को भी रोक दिया गया था। सस्पेंड़ के बाद कर्मचारी ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। आरोप था कि कर्मचारी को बहाल नहीं किया और कर्मचारी के तीन वेतन वृद्धि भी नहीं किया। इसके बाद याचिकर्ता द्वारा शिकायत के निवारण के लिए न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। मामले में आदेश का अनुपालन न करने पर कोर्ट ने तलब किया है।
वेतन व अन्य धनराशि को जारी कर बनाई गई फाइल
नोटिस आते ही नगर निगम अफसरों में हड़कंप मच गया। आनन फानन में कर्मचारी का रुका हुआ वेतन व अन्य धनराशि को जारी कर फाइल बनाई गई। मामले में न्यायालय ने नगरायुक्त और अपर नगरायुक्त दोनों को बुधवार की दोपहर दो बजे व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने को कहा है।
पत्नी की कोरोना काल में हो गई थी मौत, घर जाने पर किया था सस्पेंड
लिपिक मुकेश बाबू ने बताया कि कोरोना काल में पत्नी की मृत्यु हो गई थी। हम बहुत परेशान हो गए थे। घर जाने पर मुझे सस्पेंड कर दिया गया और मेरी तीन वेतन वृद्धि, एसीपी रोक दी। मेरा रिटायरमेंट मार्च 2024 को है। नगर निगम में नौकरी करने के बाद भी पाई पाई को तरस गया। इसलिए मजबूरन न्यायालय का दरवाजा खटखटना पड़ा।
Published on:
20 Dec 2023 11:58 am
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