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तीन बार सड़क निर्माण की स्वीकृति,फिर भी लम्बा इंतजार

बाड़मेर में सड़क निर्माण के लिए तीन बार स्वीकृति दी है,सोलह साल का लम्बा इंतजार कर रहे है लोगों।

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बाड़मेर. बाड़मेर जिले की पंचायत समिति से चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। एक नहीं, दो नहीं, तीन नहीं, पूरे सोलह वर्ष का लम्बा इंतजार कर रहे, फिर भी सुनवाई नहीें। तीन बार सड़क निर्माण की स्वीकृति दी है । सड़क निर्माण के लिए राजस्व रेकर्ड में कटाण मार्ग भी उपलब्ध है।

इतना कुछ होने के बावजूद ग्राम पंचायत सड़क निर्माण नहीं करवा पाए तो क्या कहा जा सकता है? राज्य सरकार के रास्ता खोलो अभियान की पोल खोलने वाली यह सच्चाई बाड़मेर जिले की पंचायत समिति बायतु की ग्राम पंचायत झाक की है। ग्राम पंचायत झाक की इस ढिलाई या फिर यूं कहे कि लापरवाही का खामियाजा इसी ग्राम पंचायत की किरपाणियों मेघवालों की ढाणी में रहने वाले दलित परिवार भुगत रहे हैं और जिम्मेवार तमाशबीन बने हुए हैं।
2018 में तीसरी स्वीकृति :

वर्ष 2018 में अपूर्ण ग्रेवल सड़क झाक मौखाब रोड बाटाडा झाक तक जाने वाली राजकीय कटाण मार्ग पर पूर्ण करना 500 मीटर के नाम से स्वीकृति जारी हुई, जिसे 1 अप्रेल 2019 से शुरू कर छह माह के भीतर पूर्ण करने के कार्यादेश थे। लेकिन यह कार्य अभी भी नहीं हुआ है, जिसके चलते किरपाणियों मेघवालों की ढाणी सड़क सुविधा से वंचित है।
ग्राम पंचायत मुख्यालय झाक के बाबा रामदेव मंदिर से किरपाणियों मेेघवालों की ढाणी तक ग्रेवल सड़क की प्रथम स्वीकृति वर्ष 2006 में जारी हुई।
स्वीकृति के पश्चात बाबा रामदेव मंदिर के सिरे से सड़क का निर्माण शुरू हुआ, जो कुछ दूरी पर ले जाकर विवाद के नाम पर बंद कर दिया गया। वर्ष 2012 में जिला परिषद ने एक बार फिर झाक मोखाब रोड से बाटाड़ा झाक सरहद तक नाम से स्वीकृति जारी की। इस सड़क के बनने से किरपाणियों मेघवालों की ढाणी जुड़ रही थी, लेकिन निर्माण के दौरान ही लोकेशन डायवर्ट कर दी, जिसके चलते ढाणी 500 मीटर दूर रह गई।
सैकड़ों बार परिवाद दिए
बीते सोलह वर्ष में हमने सड़क निर्माण पूर्ण करने के लिए सैकड़ों बार परिवाद दिए। राज सम्पर्क पोर्टल का उपयोग किया। विवाद होने पर कटाण रास्ते की पैमाईश करवाकर सहमति ली। हाल ही में एक बार फिर सरपंच की मौजूदगी पैमाईश हो गई, सहमति बन गई, फिर भी सड़क नहीं बन रही है।

- अशोक कुमार, परिवादी
मुरड़ा डालने की तैयारी है
पांच सौ मीटर तक सड़क निर्माण में अब कोई बाधा नहीं है। पहले कुछ असहमति थी, जिसके चलते काम नहीं हो सका, लेकिन अब दो-चार दिन में ही मुरड़ा डालकर ग्रेवल सड़क का निर्माण करने की तैयारी है। जल्दी ही सड़क बन जाएगी।
- नखताराम, ग्राम विकास अधिकारी ग्राम पंचायत झाक

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