5 अप्रैल 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

लोकसभा चुनाव में मानवेंद्र सिंह के चुनाव लड़ने को लेकर आई ये बड़ी खबर, यहां से कर सकते हैं दावेदारी

लोकसभा चुनाव में मानवेंद्र सिंह के चुनाव लड़ने को लेकर आई ये बड़ी खबर, यहां से कर सकते हैं दावेदारी

2 min read
Google source verification

बाड़मेर।

राजस्थान में Loksabha election 2019 की सुगबुगाहट के बीच प्रदेश में टिकटों की रायशुमारी का दौर शुरू हो चुका है। एक तरफ जहां बीजेपी के दिग्गज अलग-अलग जिलों में जाकर टिकट मंथन में जुटे हैं वहीं कांग्रेस में भी प्रत्याशियों के नाम पर चर्चा का दौर शुरू हो गया है। बता दें आगामी लोकसभा चुनाव 2019 में राजस्थान की 25 सीटों पर चुनाव होने जा रहा है। ऐसे में टिकट के लिए दावेदारी भी शुरू हो गई है।

सूत्रों के माने तो टिकट की दावेदारी जताने में कुछ ऐसे नेताओं के नाम भी सामने आ सकते हैं जो प्रदेश में हुए विधानसभा में खड़े नहीं हुए या फिर चुनाव हार गए। ऐसे में
विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी छोड़ कांग्रेस में शामिल हुए दिग्गज नेता जसवंत सिंह के बेटे मानवेन्द्र सिंह भी लोकसभा चुनाव के रण में उतरने की पूरी तैयारी में हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक मानवेंद्र सिंह बाड़मेर से दावेदारी कर सकते हैं।

विधानसभा की तरह अब बाड़मेर में लोकसभा चुनाव भी रोचक होने वाले है। यहां राजस्व मंत्री हरीश चौधरी और मानवेन्द्रसिंह दोनों ही लोकसभा की दावेदारी में एक दूसरे से टकराहट की स्थिति में है। दोनों नेताओं की राहुल गांधी से नजदीकियां है। हरीश चौधरी बाड़मेर से इकलौते कांग्रेस नेता थे जो राहुल गांधी की टीम में शामिल रहे और सांसद रहते हुए एवं इसके बाद से उनके नजदीक रहे।

राहुल गांधी की तीन बार बाड़मेर की यात्रा और कई कार्यक्रमों व यात्राओं में दोनों का एक साथ रहना यहां हरीश चौधरी और राहुल की नजदीकियों में रहा। विधानसभा चुनाव से पहले मानवेन्द्र भाजपा छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुए तो मानवेन्द्र और राहुल की नजदीकी भी सामने आ गई। मानवेन्द्र ने राहुल के आवास पर कांग्रेस ज्वाइन की और दोनों ने मित्रता का उल्लेख भी किया।

आपको बता दें कि मानवेन्द्र को विधानसभा चुनाव 2018 में झालरापाटन से टिकट दिया गया। इस दौरान भी उन्होंने तमाम अटकलों पर विराम लगाते हुए कहा था कि लोकसभा लडूंगा। अब यह लगभग तय है मानवेंद्र भी अपने पिता जसवंत सिंह जसोल की तरह से केंद्र की राजनीति करेंगे।