नगर में फिर फर्जीवाड़ा, मृतक के नाम भवन निर्माण स्वीकृति, आरोपी गिरफ्तार

- नगर परिषद कार्मिकों की करतूत, बिना जांच किए मृतक के नाम जारी कर दी भवन निर्माण स्वीकृति, स्वीकृति पाने वाले युवक चढ़ा पुलिस के हत्थे, कोतवाली पुलिस कर रही है मामले की जांच

By: भवानी सिंह

Updated: 24 Dec 2020, 06:58 PM IST

बाड़मेर
शहर के चौहटन रोड़ स्थित शरणार्थी क्र्वाटर में नगर परिषद की ओर से मृतक के नाम फर्जी हस्ताक्षर कर आवासीय भवन निर्माण स्वीकृति के दर्ज मामले में कोतवाली थाना पुलिस ने मंगलवार को आरोपी गिरफ्तार किया।


कोतवाल प्रेमप्रकाश ने बताया कि शरणार्थी क्वार्टर के प्लांट नंबर 35 के मालिक मृतक कस्तूरचंद पुत्र देवराज के नाम फर्जी हस्ताक्षर से आवसीय भवन निर्माण स्वीकृति का आवेदन नगर परिषद में आरोपी जगदीश जागिड़ पुत्र किशनाराम निवासी सरदारपुरा ने पेश कर स्वीकृति प्राप्त कर ली। मामला पुलिस के संज्ञान में आने पर तफ्तीश के बाद आरोपी जगदीश जागिड़ को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां उसे न्यायिक अभिरक्षा मेें भेजा है। पुलिस प्रकरण को लेकर जांच पड़ताल कर रही है। पुलिस ने बताया कि मृतक के फर्जी हस्ताक्षर के आधार पर भवन निर्माण स्वीकृति जारी करने में नगर परिषद आयुक्त व अन्य कार्मिकों की संदिग्ध भूमिका है।


नगर परिषद की संदिग्ध भूमिका
नगर परिषद ने 18 नवंबर को मृतक कस्तृरचंद के नाम कनिष्ठ अभियंता की मौका रिपोर्ट के आधार पर आवासीय भवन निर्माण की स्वीकृति जारी की गई, जबकि आवेदन पर मृतक के हस्ताक्षर किए गए थे, लेकिन नगर परिषद के कार्मिक अनभिज्ञ बने रहे। ऐसे में नगर परिषद के कार्मिकों की कार्यशैली पर सवाल खड़े हो रहे है। पुलिस का कहना है कि नगर परिषद आयुक्त व अन्य कार्मिकों की संदिग्ध भूमिका सामने आई है। पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।


पूर्व में भी हो चुके है फर्जीवाड़े
नगर परिषद के गत बोर्ड के कार्यकाल में बहुचर्चित फर्जी पट्टा प्रकरण में काफी चचित रही है। इस मामले में कई कर्मचारी जेल की हवा खा चुके हैं। अब फिर नए मामलें का खुलासा कई तरह के सवाल खड़े कर रहा है।

भवानी सिंह Reporting
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