अब गेंती-फावड़ा बदल न सकेंगे नरेगा मजदूर! आखिर ऐसा क्यों? जानिए पूरी खबर

- आहत से मिलेगी राहत, नरेगा में मिलेगा रोजगार, कोविड-19 के चलते बंद करना पड़ा था नरेगा में काम, सरकार ने गाइडलाइन जारी कर नरेगा में कार्य करने के दिए निर्देश

By: भवानी सिंह

Published: 28 May 2021, 08:58 PM IST

बाड़मेर.
कोविड-19 के चलते लॉकडाउन होने पर ग्रामीण क्षेत्रों में अब आहत से राहत मिलेगी। सरकार ने बंद नरेगा कार्य तत्काल प्रारंभ करने के निर्देश जारी किए है। साथ ही अब श्रमिक एक-दूसरे के संपर्क में न आकर कार्यस्थल पर काम आने वाले संसाधन गेंती-फावड़ा भी बदल न सकेंगे। इसके लिए सरकार ने गाइडलाइन जारी कर गांवों में बेरोजगारी से जूझ रहे लोगों को रोजगार देने के निर्देश जारी किए है। ऐसे में गांवों की अर्थव्यवस्था पटरी पर आएगी।


महात्मा गांधी नरेगा योजना के तहत सामुदायिक विकाय कार्य तत्काल प्रभाव से प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए है। साथ ही सामुदायिक कार्यो पर भी व्यक्तिगत कार्यो के समान दस श्रमिकों को ही नियोजित किया जाएगा। अधिक श्रमिक होने पर उन्हें अलग-अलग भागों में बांटकर कार्य करवाया जाएगा। लॉकडाउन के दौरान कार्य बंद करने के दौरान बाड़मेर जिले में नरेगा के तहत 50 हजार श्रमिक कार्य कर रहे थे। वर्तमान में दुबारा शुरू होने पर करीब 20 हजार श्रमिकों को रोजगार मिल गया है। साथ ही अब 15 दिन जगह पखवाड़ा 7 दिन के लिए कर दिया गया है।
---
मेट को यों रखना होगा ख्याल
- श्रमिकों की ओर से ग्रुप में एक ही जगह कार्य न कर पृथक-पृथक कार्य न्यूनतम 2 गज की दूरी रखना अनिवार्य
- यथासंभव एक श्रमिक का काम दूसरे से संपर्क में न रहे।
- श्रमिक एक दूसरे के कार्य औजार (गेंती, फावड़ा) के साथ-साथ खाद्य सामग्री पर हाथ न लगाएं। एक-दूसरे की सामग्री उपयोग नहीं करें।
- कोई श्रमिक कोविड संभावित लक्षण होने पर उसे कार्य पर न लगाया जाएं
- लंच/विश्राम के समय दूरी बनाकर बैठे।
- कार्य स्थल पर बिना मास्क पहने कार्य नहीं करवाया जाएं
- कार्यस्थल पर साबुन, पानी व सैनेटाइजर की समुचित व्यवस्था
- कार्यस्थल पर मेडिकल किट की समुचित व्यवस्था
---
- कार्य शुरू करने के निर्देश मिले है
सरकार ने कोविड-19 के तहत नरेगा के कार्य बंद करवा दिए थे, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार की कमी को देखते हुए नरेगा के कार्य शुरू करने के निर्देश दिए है। डिमांड आने पर कार्य जल्द शुरू करेगे। सरकार ने गाइडलाइन भी जारी की है, उसकी पालना करवाते हुए रोजगार देंगे। - मोहनदान रतनु, सीईओ, जिला परिषद, बाड़मेर
---

भवानी सिंह
और पढ़े

राजस्थान पत्रिका लाइव टीवी

हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned