सरपंच व ग्रामीणों ने आपसी सहमति से 250 मीटर का आम रास्ता निकाला अब तक पगडंडी से आवागमन करते आ रहे थे लोग
ग्राम पंचायत कैरली के गांधीनगर की नया कुआं ढाणी का मामला
शाहपुरा। आजादी के 74 साल बाद भी क्षेत्र की एक ढाणी में निवास करने वाली ढाई सौ लोगों की आबादी रास्ते के अभाव में पगडंडी से आवागमन करती आ रही थी। ग्राम पंचायत सरपंच और ग्रामीणों की आपसी सहमति से अब ढाणी के लोगों को रास्ता मिला है। वर्षों बाद आवागमन का रास्ता मिलने से ढाणी के लोगों में खुशी छायी हुई है। यह मामला है ग्राम पंचायत कैरली के गांधीनगर की नया कुआं ढाणी का।
बुधवार को ग्राम पंचायत सरपंच रामजीलाल यादव व भाजपा जिला कोषाध्यक्ष महेश सैनी ने आसपास के ग्रामीणों से समझाइश कर आपसी सहमति से ढाणी के लोगों के आवागमन के लिए करीब 250 मीटर लम्बा रास्ता निकाला। जिससे अब ढाणीवासियों का आवागमन सुगम होगा। आपसी सहमति बनने के बाद सरपंच व ग्रामीणों की मौजूदगी में जेसीबी की सहायता से आम रास्ता निकाला गया।
पंचायत सरपंच रामजीलाल यादव ने बताया कि देश के आजादी के बाद भी गांधीनगर की ढाणी नया कुआं के लोगों को आवागमन का रास्ता नहीं था। रास्ते के अभाव में ढाणीवासी छोटी से पगडंडी से आवगामन करते आ रहे थे। जिससे परेशानी का सामना करना पड़ता था। वाहनों को निकालने की सबसे बड़ी समस्या थी। सरपंच व ग्रामीणों के प्रयास से अब ढाई सौ की आबादी की राह आसान हो गई है।
सरपंच ने बताया कि सहमति के बाद जेसीबी से शांतिपूर्वक 250 मीटर रास्ता निकाला गया। रास्ता मिलने से ग्रामीणों में खुशी छा गई। इस मौके पर शिक्षाविद् गोपाल मिश्रा, सामाजिक कार्यकर्ता मोहन लाल, पूरणमल, विक्रम वार्ड पंच, विक्रम स्वामी, कृष्णा सैनी, सुरेश, दिनेश, कुमार इंद्राज सैनी समेत कई ग्रामीण मौजूद थे।
सरपंच का प्रयास लाया रंग, ग्रामीणों ने सरपंच की सराहना की
स्थानीय निवासी हरिराम, रोशन लाल, कमलकिशोर, बनवारी लाल, मालीराम, जितेंद्र आदि ने ग्राम पंचायत सरपंच की सराहना करते हुए कहा कि ग्राम पंचायत सरपंच रामजीलाल यादव व जिला कोषाध्यक्ष महेश सैनी का प्रयास रंग लाया। इससे ढाणीवासियों को सबसे बड़ी समस्या से निजात मिली है। आपसी सहमति से रास्ता निकालना बहुत सराहनीय है।