20 जून 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

बच्चों का जुनून ! जिन इलाकों में पुलिस भी जाने से कतराते हैं वहां बेधड़क पैदल ही तय कर रहे सफर

अव्यवस्था, दस किमी पैदल चलकर खेलने पहुंचे खिलाड़ी, हड़ेली संकुल के ग्राम मंदोड़ा में चल रही है स्पर्धा, सामान भी ढोना पड़ा बच्चों को।

2 min read
Google source verification
seoni

बच्चों पर खेल के प्रति ऐसा जुनून देख चौक जाएंगे आप, पैदल तय किया 10 किमी का सफर

बच्चों पर खेल के प्रति ऐसा जुनून देख चौक जाएंगे आप, पैदल तय किया 10 किमी का सफर

कोंडागांव . जिले के विभिन्न संकुलों में चल रहे खेलों में शामिल होने संबंधित स्कूलों के विद्यार्थी निर्धारित किये गये ग्राम के मैदान पहुंच रहे हैं। ऐसा ही एक मामला मर्दापाल इलाके के नदीपार नवागांव (मूलनार) आश्रम के विद्यार्थी हड़ेली संकुल के कड़ेनार मंदोड़ा में हो रहे संकुल स्तरीय खेल में शामिल होने नवागांव से पैदल चलकर करीब 10 किमी का सफर तय करते हुये ये छात्र यहां पहुंचे थे।

पैदल सफर के दौरान ढोना पड़ा सामान
इस दौरान इनके हाथों में भोजन बनाने के सामान के साथ ही अपने-अपने बैग टांग रखे थे। संकुल स्तरीय खेलों के लिए वैसे तो कोई फंड की व्यवस्था नहीं होती है। लेकिन यह आयोजन सहयोग से आयोजित किया जाता है। अंदरूनी इलाके में रहकर पढ़ाई करने वाले छात्र-छात्राओं पैदल खेल मैदान पहुंचने की बात कहकर शिक्षक दुपहिया वाहन से प्रतियोगिता स्थल की ओर रवाना हुए। इधर बच्चों ने अकेले जंगल का सफर किया।

घने जंगलों से होकर गुजरता है रास्ता
जिस मार्ग से होकर विद्यार्थी संकुल स्तरीय खेल में शामिल होने जा रहे थे। वह पूरा रास्ता घने जंगलों के बीच से होकर गुजरता है। बच्चे बिना गाइड के खुद ही पैदल चले जा रहे थे। उन्होंने बताया, शिक्षक बाइक में निकल गये और उन्हें पैदल ही मैदान में पहुंचकर मिलने की बात कह गये हैं। शिक्षक से मिले निर्देश के बाद ये विद्यार्थी पैदल ही रवाना हो गये।

कड़ेनार आश्रम हो चुका है ध्वस्त
बीआरसी अवधेश पांडे ने बताया कि नवागांव मूलनार में जो आश्रम संचालित हो रहा है वह कड़ेनार के नाम से हैं। क्योकि कड़ेनार आश्रम ध्वस्त हो चुका है। बच्चे हड़ेली संकुल के अंतर्गत आते है। इसलिए उन्हें इस खेल में शामिल होने आना पड़ा लेकिन उनके साथ शिक्षक नहीं थे यह गलत है। इसकी जानकारी लेकर कार्रवाई की जाएगी।