ऑपरेशन सिंदूर को लेकर वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह ने एक ऐसा बयान दिया, जिसने सियासी हलकों में हलचल मचा दी। खासतौर पर बीजेपी को इस बयान से ताकत मिली, वहीं कांग्रेस और राहुल गांधी पर सवाल उठने लगे।
एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह ने बेंगलुरु में एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के पीछे सबसे बड़ी वजह थी – राजनीतिक इच्छाशक्ति। उन्होंने साफ किया कि इस ऑपरेशन के दौरान सेनाओं को पूरी आज़ादी दी गई थी। किसी भी तरह का कोई दबाव या रोक नहीं थी।
उन्होंने ये भी बताया कि वे खुद हर अहम मीटिंग में शामिल थे और हर स्तर पर लिए गए फैसलों के गवाह रहे हैं। उनका कहना था कि सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिए और सेना को योजना बनाने और कार्रवाई करने की पूरी छूट दी गई। साथ ही, एयर चीफ ने इस बात की भी पुष्टि की कि ऑपरेशन के दौरान छह पाकिस्तानी विमान गिराए गए थे।
इस बयान के बाद बीजेपी ने कांग्रेस और राहुल गांधी पर हमला बोल दिया। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने राहुल गांधी पर झूठ बोलने का आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें संसद की मर्यादा का ध्यान रखना चाहिए। उनका कहना था कि राहुल गांधी का बयान न सिर्फ संसद की गरिमा को ठेस पहुंचाता है, बल्कि देश की प्रतिष्ठा को भी नुकसान पहुंचाता है।
वायुसेना प्रमुख ने एक और अहम बात कही – उन्होंने कहा कि अगर किसी को लगा कि सेना पर कोई पाबंदी थी, तो वो गलतफहमी है। अगर कोई सीमाएं थीं, तो वो खुद सेना द्वारा तय की गई थीं, ताकि ऑपरेशन को सुरक्षित और प्रभावशाली तरीके से अंजाम दिया जा सके।
एयर चीफ मार्शल का यह बयान इस बात की पुष्टि करता है कि ऑपरेशन सिंदूर पूरी तरह से स्वतंत्रता के साथ चलाया गया और उसमें राजनीतिक नेतृत्व की मंशा पूरी तरह साफ थी।