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नाबालिग था तो रेप केस में जेल गया, छूटने के बाद फिर उसी लड़की से रेप के आरोप में दोबारा गया जेल

नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में जेल की हवा खाने के बाद भी युवक ने सबक नहीं लिया और नाबालिग के बालिग होते ही उसे दोबारा बदनीयती का शिकार बना लिया।
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भिलाई

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Satya Narayan Shukla

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Updated: 26 Nov 2017, 10:16 PM IST

Rape case in durg

दुर्ग . नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में जेल की हवा खाने के बाद भी युवक ने सबक नहीं लिया और नाबालिग के बालिग होते ही उसे दोबारा बहलाकर बदनीयती का शिकार बना लिया। आरोपी युवक नाबालिग को विवाह का झांसा देकर जेल से छूटा था। पुलिस ने युवती की शिकायत पर अब आरोपी को दोबारा गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

आरोपी के जेल से छूटकर आने के बाद 27 अक्टूबर को दोबारा अनाचार की शिकायत
मोहन नगर पुलिस के मुताबिक पीडि़त ने छह माह पहले भी शंकर नगर के आरोपी दीपेश अग्रवाल (24) के खिलाफ दैहिक शोषण की शिकायत दर्ज कराई थी। तब युवती नाबालिग थी। इस पर आरोपी को गिरफ्तार किया गया था। इस पर मामला न्यायालय में भी चला था।युवती ने अब आरोपी के जेल से छूटकर आने के बाद 27 अक्टूबर को दोबारा अनाचार किए जाने की शिकायत दर्ज कराई है। पीडि़ता का कहना है कि आरोपी ने घटना के दिन पहले आमापारा स्थित शीतला मंदिर ले गया और वहां उससे विवाह किया। इसके बाद बेलौदी (मालूद) रोड पर ले जाकर शारीरिक संबंध बनाया। बाद में आरोपी ने उसे अपने साथ रखने से इंकार कर दिया। इस पर आरोपी पर दोबारा धारा 376 के तहत प्रकरण दर्ज किया है।

ऐसे छूटा था पहले मामले में युवक
आरोपी पहले मामले में पीडि़त युवती के बयान पर ही छूटा था। युवती ने शिकायत में बताया है कि तब आरोपी व उसके माता-पिता ने आरोपी के छूटने पर विवाह कराने का आश्वासन दिया था। इसी के चलते वह न्यायालय में धारा 164 के बयान से भी मुकर गईं थीं। इस पर न्यायालय ने आरोपी को छोड़ दिया था।

खुद को दुकान में बंद किया तब आया सामने
पीडि़त के मुताबिक 27 अक्टूबर को विवाह व शारीरिक संबंध के बाद आरोपी गायब हो गया। वहीं आरोपी के माता पिता ने भी शादी कराने से इंकार कर दिया। इस पर उनसे 31 अक्टूबर को खुद को आरोपी के दुकान में बंद कर लिया था। करीब 19 घंटे भूखे-प्यासे दुकान में बंद रहने के बाद पुलिस की दखल पर आरोपी सामने आया। लेकिन बाद में शादी से इंकार कर दिया।

आईजी से की फरियाद, तब हुई एफआईआर
31 अक्टूबर की घटना के बाद पुलिस ने युवती को आपसी मामला होने का हवाला देकर टरका दिया। इस पर युवती ने एसपी, एएसपी, महिला आयोग और आईजी के समक्ष गुहार लगाई। आईजी दीपांशु काबरा ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस को एफआईआर दर्जकरने के निर्देश दिए। इस पर पुलिस ने शनिवार को अपराध पंजीबद्ध किया और आरोपी को जेल भेज दिया।