1 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

भिलाई : हथखोज की फैक्ट्रियां केमिकल युक्त पानी को बिना ट्रीटमेंट के बहा रहे नहर में जहरीला पानी , 11 गांवों को बना रहा बीमार

85 वर्षीय अकलोरडीह के पूर्व सरपंच नकुल वर्मा का कहना है कि अब उनका गांव भिलाई-चरोदा निगम क्षेत्र में आता है। निगम प्रशासन भी उनकी समस्या को दूर नहीं कर सका। जब पूरे गांव का पीने लायक नहीं रहा तो समस्या के समाधान की जगह निगम की ओर से दो पानी के टैंकर भिजवा दिए जाते हैं। इतनी बड़ी आबादी वाले क्षेत्र में इतना पानी नाकाफी होता है।

2 min read
Google source verification

भिलाई

image

Shiv Singh

Feb 01, 2023

भिलाई : हथखोज की फैक्ट्रियां केमिकल युक्त पानी को बिना ट्रीटमेंट के बहा रहे नहर में जहरीला पानी , 11 गांवों को बना रहा बीमार

दूषित पानी को बिना ट्रीटमेंट किए सीधे छोटी नहर में छोड़ा जा रहा

भिलाई. हथखोज एरिया की केमिकल फैक्ट्रियों से दूषित पानी को बिना ट्रीटमेंट किए सीधे छोटी नहर में छोड़ा जा रहा है। करीब दर्जभर गांव के बीच से होकर नहर खारुन नदी में मिलती है। नहर के आसपास के 200 मीटर का जलस्रोत पूरी तरह दूषित हो चुका है। अब स्थिति ऐसी बन गई है कि पानी पीना तो दूर खेती में इस्तेमाल करने लायक भी नहीं रहा। केमिकल के दूषित पानी से सबसे ज्यादा प्रभावित ग्राम अकलोरडीह के रहवासी हैं। यहां का कोई ऐसा हिस्सा नहीं है, जहां की जमीन से विषैला पानी न निकलता हो। स्थानीय लोगों का कहना है कि केमिकल से ग्राउंड वाटर इतना दूषित हो चुका है कि पानी का इस्तेमाल करते ही उल्टी, दस्त, हैजा जैसे रोगों से यहां के व्यक्ति ग्रसित हो जा रहे हैं।

READ ALSO : CG News : हाईकोर्ट ने पीएससी 2022 की चयन प्रक्रिया रोकी, आगामी सुनवाई 6 मार्च 2023 को

जांच के नाम पर सिर्फ सैंपल लेने का खेल

स्थानीय लोगों का कहना है कि हथखोज से निकलने वाली छोटी नहर अकलोरडीह, सुरडुंग, जरवाय, दादर, पथर्रा, नंदौरी, सुरजीडीह, चेटुआ, मुरमुंदा, ढाबा, अकोला होते हुए खारुन नदी में मिलती है। वे केमिकल के दूषित पानी को नहर में गिरने से रोकने के लिए एक दशक से ज्यादा समय से संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई निष्कर्ष नहीं निकला है। पर्यावरण मंडल की कार्रवाई केवल पानी के सैंपल ले जाने तक रहती है।

खेत में पानी डालने से सब्जी की फसल जल जाती है

अकलोहडीह का पानी इतना दूषित हो गया है कि अब फसल को भी नुकसान हो रहा है। अब खेत में पानी डालने से पालक, मेथी, बथुआ, गाजर, आलू समेत अन्य फसल जल जाती है।

-कुलेश्वर वर्मा, अकलोरडीह

इंसान तो दूर जानवर भी पानी से हो रहे बीमार

केमिकलयुक्त पानी के प्रभाव से बोर और हैंडपंप का पानी इतना दूषित हो गया है कि जानवर भी पीकर बीमार पड़ जाते हैं।

-यशवंत ठाकुर, सुरडुंग

क्या कहते हैं जिम्मेदार

मेरे कार्यकाल का मामला नहीं है। यदि ऐसी कोई समस्या है तो मैं दिखवा लेता हूं। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।

-विजय सिंह पोर्ते, प्रभारी, पर्यावरण संरक्षण मंडल

Story Loader