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मौसी को था कैंसर, दूसरों को न हो इसलिए भिलाई की डॉ.नम्रता ने बैंगलुरु से अवेयरनेस के लिए शुरू की बाइक राइडिंग

जिंदगी में कई एेसे मौके आते हैं जब हम दूसरों की भलाई के लिए सोचने लग जाते हैं। भिलाई की डॉ नम्रता के साथ भी एेसा ही हुआ। उनकी मौसी को ब्रेस्ट कैंसर हुआ। किसी तरह वह कैंसर को मात देकर स्वस्थ जीवन जी रही हैं।

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मौसी को था कैंसर, दूसरों को न हो इसलिए भिलाई की डॉ.नम्रता ने बैंगलुरु से अवेयरनेस के लिए शुरू की बाइक राइडिंग

मौसी को था कैंसर, दूसरों को न हो इसलिए भिलाई की डॉ.नम्रता ने बैंगलुरु से अवेयरनेस के लिए शुरू की बाइक राइडिंग

भिलाई. जिंदगी में कई एेसे मौके आते हैं जब हम दूसरों की भलाई के लिए सोचने लग जाते हैं। भिलाई की डॉ नम्रता के साथ भी एेसा ही हुआ। उनकी मौसी को ब्रेस्ट कैंसर हुआ। किसी तरह वह कैंसर को मात देकर स्वस्थ जीवन जी रही हैं। लेकिन नम्रता इसे हल्के में नहीं लिया। उन्होंने तय किया कि कोई दूसरी महिला सर्वाइकल और ब्रेस्ट कैंसर की चपेट में न आए इसलिए वे अवेयर करेंगी।

पेशे से फिजियोथैरिपिस्ट नम्रता ने १ सिंतबर को बैंगलुरू से बाइक राइडिंग शुरू की। अब तक वे ११ राज्यों और ५ केंद्र शासित प्रदेशों में जागरुकता अभियाल चलाकर छत्तीसगढ़ पहुंच चुकी हैं। वे २१ नवंबर को रायपुर में एक सेमिनार को संबोधित करेंगी। मंगलवार को वे भिलाई में थी। मोबाइल पर नम्रता ने अपनी अब तक की जर्नी शेयर की। उन्होंने बताया कि हमारे देश में लोग हैल्थ को लेकर जरा भी जागरूक नहीं हैं।


सही उम्र में वैक्सीन लेने से बच सकते हैं
नम्रता ने बताया कि ९ से २६ साल की उम्र में वैक्सीन देने पर सर्वाइकल कैंसर से बचा जा सकता है। लेकिन लोगों को इसे लेकर जागरुकता नहीं है। वैक्सीन लेने से एचपी वायरस से बचा जा सकता है। सर्वाइकल कैंसर से होने वाली मौत का बड़ा कारण यही वायरस है। रही बात ब्रेस्ट कैंसर की तो इसके लक्षणों को समझकर बचा जा सकता है। हर महीने स्तन की जांच की जा सकती है। डॉक्टर से कंसल्ट करने से एडवांस स्टेज पर ही बचा जा सकता है।

जम्मू-कश्मीर में हुई प्रॉब्लम
जम्मू-कश्मीर में धारा ३७० हटने के दौरान इंटरनेट बंद था। वहां ठहरने में दिक्कत हुई। वहां के लोग प्रोटेस्ट कर रहे थे। घर वालों से हफ्तेभर बात नहीं हुई थी। किसी तरह लैंडलाइन से कॉन्टेक्ट हो पाया था।

रोजाना 200 से 500 किमी तक राइडिंग
नम्रता ने बताया कि वे रोजाना २०० से ५०० किमी तक की यात्रा करती हैं। कहीं रुकने के लिए बाइकर कम्युनिटी हेल्प करती है। कपड़ों के अलावा बाइक के एेसे पाट्र्स जिसकी जरूरत रास्तें में पड़ती है उसे रखा है। नम्रता ने बताया कि इस यात्रा में आने वाले पूरे खर्च अपनी सेविंग से कर रही हैं।

इन राज्यों का किया दौरा
कर्नाटक, गोवा, महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और छत्तीसगढ़। केंद्र शासित प्रदेशों में दादर एंड नागर हवेली, दमन एंड दीव, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, दिल्ली शामिल हैं।

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