
सेमुमा कन्या महाविद्यालय में जागरूकता कार्यशाला मेें छात्राओं को आत्मरक्षा के गुर सिखाती एक्सपर्ट
भीलवाड़ा।
छात्राएं बॉडी लैंग्वेज से कमजोरी नहीं झलकने दे। कोई संकट हो तो समर्पण के बजाय आसपास किसी मददगार को तलाशे। मार्शल आर्ट, जूडो,कराटे आदि में दक्ष होकर आत्मरक्षा करें। ये बात गुरूवार को राजस्थान पत्रिका के आआे करो बेटियों को जागरूक अभियान के तहत सेठ मुरलीधर मानसिंहका कन्या महाविद्यालय में जागरूकता कार्यशाला में उभरकर आई।
बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष डॉ. सुमन त्रिवेदी एवं भूप्रबन्ध अधिकारी निमिषा गुप्ता ने छात्राओं को डिजीटल युग के खतरों के बारे में आगाह किया। साथ ही अधिकारों का दुरुपयोग नहीं करने की नसीहत भी दी। प्राचार्य डॉ. चित्रा भार्गव ने बेटियों को जागरूक करने की पत्रिका की पहल की सराहना करते कहा कि बेटियों को आधुनिक परिवेश में जीने के साथ संस्कार नहीं छोडऩे हैं।
READ:
सोशल मीडिया हो या स्मॉर्ट फोन सबके खतरे समझने होंगे। संचालन महिला सलाह केन्द्र की प्रभारी डॉ. कोकिला जैन ने किया। आभार छात्रसंघ अध्यक्ष प्रियंका टेलर ने जताया।
डॉ. त्रिवेदी ने दिए ये टिप्स
- कभी भी स्मॉर्टफोन रिपयेरिंग पर दे तो सिम निकाल लें एवं डॉटा अवश्य डिलीट कर दे ताकि पर्सनल जानकारी दूसरों के पास नहीं पहुंचे।
- छात्राओं की मदद के लिए गरिमा हेल्पलाइन, सखी केन्द्र आदि मौजूद है। पुलिस में महिला थाना के साथ हर थाने में महिला डेस्क होती है, जिनकी सहायतता ले सकते है।
- अपने छोटे बहन-भाइयों को बैड टच-गुड टच के बारे में अवश्य समझाएं ताकि वे सुरक्षित रहे।
- कोई भी बिना बोले लगातार पीछा करे या प्रताडि़त करने का प्रयास करे तो पॉक्सो में मामला दर्ज हो सकता है।
- कभी भी निजी स्वार्थ के लिए झूठे मामले दर्ज नहीं कराए। जांच में हकीकत सामने आने पर झूठी रिपोर्ट देने वालों पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
निमिषा ने दिए ये उपाय
- पुलिस से डरे नहीं, वे आपकी सहायता के लिए है। पुलिस नियंत्रण कक्ष व हेल्पलाइन के नम्बर अवश्य याद रखे।
- फेसबुक जैसे सोशल मीडिया पर निजता से जुड़ी जानकारियां सार्वजनिक करने से बचे। फोटो भी सोच समझकर डाले।
- आत्मरक्षा के गुर अवश्य सीखे। ये आपके संकट में हमेशा काम आएंगे।
-किसी भी पीड़ा को लेकर मन में घुटन नहीं रखे उसे शेयर अवश्य करें।
- अपने लिए सेव सर्किल का निर्माण करें,जिसमें माता,पिता, दादा-दादी आदि शामिल हो सकते,जिन पर हम भरोसा कर सकते है। इनके नम्बर अपने पास रखे एवं परेशानी में मदद मांगे।
Updated on:
05 Oct 2017 08:22 pm
Published on:
05 Oct 2017 08:21 pm
बड़ी खबरें
View Allभीलवाड़ा
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
