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सीआरएस ने परखी सुरक्षा व्यवस्था, खामियां  पर सीआरएस ने तकनीकी अधिकारियों की जमकर खिंचाई की

पावर सप्लाई की जांच रेल संरक्षा आयुक्त (सीआरएस) पश्चिम मुम्बई सुशील चंद्रा की अगवाई में पहुंची टीम ने की

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अजमेर के आदर्शनगर रेल स्टेशन के मध्य बिछी विद्युतीकृत रेलवे लाइन तथा पावर सप्लाई की जांच रेल संरक्षा आयुक्त (सीआरएस) पश्चिम मुम्बई सुशील चंद्रा की अगवाई में पहुंची टीम ने की।

भीलवाड़ा।

अजमेर रेल मंडल में अजमेर-चित्तौड़ रेल खंड के विद्युतीकरण का काम पूरा होने के बाद मंगलवार को पहला इलेक्ट्रिक रेल इंजन दौड़ेगा। इससे पहले भीलवाड़ा के मांडल रेलवे स्टेशन से अजमेर के आदर्शनगर रेल स्टेशन के मध्य बिछी विद्युतीकृत रेलवे लाइन तथा पावर सप्लाई की जांच रेल संरक्षा आयुक्त (सीआरएस) पश्चिम मुम्बई सुशील चंद्रा की अगवाई में पहुंची टीम ने की।

इस दौरान कई खामियां सामने आने पर सीआरएस ने तकनीकी अधिकारियों की जमकर खिंचाई की। दूसरी तरफ विद्युतीकरण काम को अंजाम देने के लिए इलेक्ट्रिकल अधिकारियों व कर्मचारियों की टीम धुवांला, लाम्बिया रेलवे स्टेशन क्षेत्र में लगी रही। सीआरएस मंगलवार सुबह सवा आठ बजे मांडल से चित्तौडग़ढ़ के डेट रेलवे स्टेशन के लिए विद्युतीकृत रेल मार्ग का निरीक्षण शुरू करेंगे। डेट रेलवे स्टेशन तक का निरीक्षण पूर्ण होने पर दोपहर में डेट रेलवे स्टेशन से आदर्शनगर रेलवे स्टेशन के बीच पहला इलेक्ट्रिक रेलवे इंजन चलाया जाएगा। इस दौरान ट्रेक की स्पीड ट्रायल होगा।


6 ट्रैक्शन पावर सप्लाई सिस्टम
अजमेर-उदयपुर रेलखंड के विद्युतीकरण के अन्तर्गत अजमेर-चित्तौडग़ढ़ खंड पर डेट से अजमेर स्टेशन के बीच रेल मार्ग पर विद्युतीकरण का काम किया जा रहा है। इसके निर्माण पर कुल 320.18 करोड़ रुपए की लागत आएगी।

इनमें अजमेर खंड का 175 किलोमीटर रेल मार्ग (चित्तौडग़ढ़ के डेट से अजमेर के आदर्शनगर स्टेशन के मध्य) पर विद्युतीकरण का कार्य पूर्ण हो चुका है। यहां मंगलवार को इलेक्ट्रिक इंजन चलाए जाने की संभावना और इससे पूर्व यहां जारी किए गए हाई वॉल्टेज करंट की जांच परख के लिए सोमवार सुबह आठ बजे रेल संरक्षा आयुक्त पश्चिम मुम्बई सुशील चंद्रा मांडल रेलवे स्टेशन पर पहुंचे।

सीआरएस ने जानी सुरक्षा व्यवस्था
चंद्रा की टीम ने मांडल रेलवे स्टेशन से विद्युत रेल लाइन व केबलों को किस प्रकार से बिछा गया और रेलवे कर्मचारियों, यात्रियों व क्षेत्र के लोगों के लिए किस स्तर की सुरक्षा व्यवस्था की गई, इसकी जांच परख के लिए रेल लाइन, विद्युत पोल व टावर का निरीक्षण किया। सीआरएस ने बारीकी से प्रत्येक रेलवे स्टेशन क्षेत्र के प्वाइंटों को जांचा। इस दौरान कई स्थानों पर विद्युत तारों को लेकर सुरक्षा व्यवस्था में चूक नजर आने पर उन्होंने अधिकारियों की खिंचाई की और अजमेर रेल मंडल प्रबंधक पुनीत चावला को भी सुधार को लेकर गंभीरता दिखाने को कहा।

सीआरएस ने आदर्शनगर रेलवे स्टेशन क्षेत्र का निरीक्षण किया। अजमेर- उदयपुर ? खंड के विद्युतिकरण के अंतर्गत इस मार्ग पर 6 ट्रैक्शन पावर सप्लाई सिस्टम नसीराबाद, हमीरगढ़, सरेरी, घोसुंडा, मावली व उमरा में स्थापित किए है। 6 सेक्शनिंग व पेरेललिंग पोस्ट तथा 16 सब सेक्शनिंग पोस्ट भी स्थापित की गई है। यहां दो ओवर हेड इक्विपमेंट बिजयनगर व उदयपुर में स्थापित किए जा रहे है। रेल विद्युतिकरण साइडिंग मांडल स्टेशन व कपासन में स्थापित की गई है। अजमेर से उदयपुर के सम्पूर्ण खण्ड के विद्युतीकरण का कार्य प्रगति पर है एवं यह कार्य दिसम्बर 2018 तक पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है।

भीलवाड़ा में भी जांच

लाइनाेें की मंगलवार को भीलवाड़ा में भी टीम ने जांच की। रेलवे विद्युतीकरण की जांच करने के लिए स्पेशल ट्रेन पहुंची। अधिकारियों ने अजमेर रोड ओवर ब्रिज के नीचे फीता लगाकर नापा। भीलवाड़ा से आगे की ओर ट्रेन रवाना हुई।