Rajasthan Election 2023: पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव का बिगुल बजते ही भीलवाड़ा का कारोई कस्बा चर्चा में आ जाता है। वजह साफ है कि यहां भृगु संहिता से गणना कर भविष्य बताने वाले कई ज्योतिषी हैं।
नरेन्द्र वर्मा, कारोई (भीलवाड़ा)। पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव (Rajasthan Election 2023) का बिगुल बजते ही भीलवाड़ा का कारोई कस्बा चर्चा में आ जाता है। वजह साफ है कि यहां भृगु संहिता से गणना कर भविष्य बताने वाले कई ज्योतिषी हैं। दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ से तमाम वीआईपी गाड़ियों का रेला यहां आधी रात पहुंच रहा है। कोई देख न ले इसलिए नेताजी (Rajasthan Politics) सिर और मुंह पर गमछा लपेटकर अंधेरे में ज्योतिषियों के घर धमक रहे हैं।
खास बात है कि नेताजी को एक ज्योतिषी पर भरोसा नहीं है इसलिए वे दो से तीन ज्योतिषियों से राय ले रहे हैं। ज्यादातर के सवाल है- टिकट मिलेगा या नहीं... यदि नहीं तो कोई उपाय बताएं... या फिर चुनाव में विरोधी को कैसे परास्त करें कोई टोटका या निदान हो तो करवाएं। इस दौरान नेताजी हस्तरेखा से लेकर मस्तक रेखा तक दिखाने में पीछे नहीं हैं। तमाम दावेदार व्यस्तता के चलते करीबी व रिश्तेदारों को भेज रहे हैं। ऐसे में रिश्तेदार नेताजी का कम अपना भाग्य जानने की कोशिश ज्यादा कर रहे हैं।
दावेदार पूछ रहे सवाल
- राजनीतिक पार्टियों से टिकट मिलेगा या नहीं
- नहीं मिला तो निर्दलीय खड़े होने पर क्या भविष्य रहेगा
- बागी से कैसे निपटा जाए, उसका उपाय क्या हो
- पार्टी बदलने पर सियासी हालात क्या रह सकते हैं
- कौन सा नेता सहयोग करेगा, चुनाव में पैसे का प्रबंध कैसे होगा
- चुनाव में जीत मिलेगी या हार
- चुनाव जीत गए तो मंत्री बन पाऊंगा या नहीं
चुनाव को लेकर राजनीतिक भविष्य जानने के लिए राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ से बड़ी संख्या में लोग आ रहे हैं। पार्टी का टिकट मिलेगा या नहीं, हारेंगे या जीतेंगे, जीत गए तो पद मिलेगा या नहीं जैसे सवाल अधिक रहते हैं।
पं. ओमप्रकाश व्यास, कारोई
पांच राज्यों के ग्रहों की चाल बहुत कुछ बयां कर रही है, लेकिन उन्हें सटीक मानना बहुत जल्दी होगी। उम्मीदवार अपना राजनीतिक भविष्य जानने के लिए पहुंच रहे हैं। कोई समय लेकर आता है तो कोई बिना समय लिए पहुंच रहा है।
पं. गोपाल उपाध्याय, कारोई