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बाबा मोहनराम कॉलेज के गेट पर रोका स्टाफ धरने पर बैठा

दशकों से कर रहे काम, समायोजन की प्रक्रिया भी अधूरी, बिना नोटिस निकाल दिया

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बाबा मोहनराम कॉलेज के गेट पर रोका स्टाफ धरने पर बैठा

बाबा मोहनराम कॉलेज के गेट पर रोका स्टाफ धरने पर बैठा


भिवाड़ी. बाबा मोहनराम पीजी कॉलेज के शैक्षणिक और अशैक्षणिक स्टाफ ने शनिवार को कॉलेज गेट पर धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में शामिल स्टाफ ने बताया कि कमेटी अध्यक्ष राजेंद्र विधूड़ी, चेयरमेन कर्नल एसएस तंवर और कोषाध्यक्ष हवलदार रतिराम दायमा ने शुक्रवार दोपहर को उन्हें मौखिक आदेश दिया कि पूरा स्टाफ जिसमें ११ शैक्षणिक और आठ अशैक्षिणक को शनिवार से कॉलेज में प्रवेश में नहीं दिया जाएगा। जबकि स्टाफ में शामिल कुछ सदस्य २००३ से कार्यरत हैं। इस तरह एक मौखिक आदेश से दशकों से काम कर रहे कर्मचारियों को एक झटके में कॉलेज से बाहर निकाल दिया गया। शनिवार को जब स्टाफ सदस्य १० बजे कॉलेज पहुंचे तो उन्हें अंदर प्रवेश नहीं दिया गया, इसके बाद सभी स्टाफ सदस्य एकत्रित होकर कॉलेज गेट पर धरने पर बैठ गए। धरने में शामिल स्टाफ ने बताया कि अगस्त महीने से करीब साढ़े सात महीने का वेतन नहीं मिला है। इसके बाद भी हमारे साथ इस तरह का रवैया अपनाया गया, जो कि किसी प्रकार से व्यवहारिक नहीं है। २२ दिसंबर २०२० को आयुक्त कॉलेज शिक्षा जयपुर के आदेश हैं कि जब तक राज्य सेवा में समायोजन की प्रक्रिया पूर्ण नहीं होती है, तब तक कार्यरत कर्मचारियों को प्रबंध समिति अपने संसाधानों से वेतन देगी। २९ जुलाई २०१९ को मुख्यमंत्री ने बाबा मोहनराम कॉलेज को राज्याधीन करने की घोषणा की थी। कॉलेज में कार्यरत स्टाफ को भी राज्य सेवा में समायोजन की घोषणा हुई। एक अगस्त २०२० को महाविद्यालय को वित्तीय एवं प्रशासनिक स्वीकृति जारी की गई। महाविद्यालय में कार्यरत स्टाफ के समयोजन करने की नियम एवं सेवा शर्तों की प्रक्रिया २२ दिसंबर २०२० को जारी की गईं। इसके बाद दस्तावेज सत्यापन भी हो गया।
धरने में प्राचार्य अजीत बैंसला, उप प्राचार्य डॉ. संजय यादव, व्याख्याता गोपाल सिंह, मुकेश सैनी, विवेक तंवर, भरत ङ्क्षसह, दयाराम दायमा, डॉ. दीपिका सुथार, डॉ. दीपा गुप्ता, डॉ. कविता दाधीच, प्रियंका कौशिक, करण ङ्क्षसह, शीतला प्रसाद, महावीर ङ्क्षसह शामिल रहे।
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गत वर्ष जुलाई तक का वेतन हमने दे दिया, अब हमारे पास फंड नहीं है। सरकार सहयोग नहीं कर रही, इसलिए हम इनसे कह रहे हैं कि आप अपने स्तर पर निर्णय लो।
कर्नल एसएस तंवर, चेयरमेन