अब योग विषय में कर सकेंगे Graduation और Post Graduation
योग के कई आसनों के माध्यम से बीमारियों से दूर रहा जा सकता है। विद्यार्थियों के किए योग तनाव से दूर करने का साधन है। इसी को देखते हुए आईसेक्ट यूनिविर्सिटी योग के तीन नए पाठ्यक्रम शुरू करने जा रहा है।
भोपाल। योग भारत की प्राचीन संस्कृति का गौरवमयी हिस्सा है। योग ऐसी प्राकृतिक पद्धति है जिससे स्वस्थ मन व शरीर के साथ अनेक आध्यात्मिक लाभ प्राप्त किए जा सकते हैं। योग शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाकर जीवन में नव ऊर्जा का संचार करता है।
योग के कई आसनों के माध्यम से बीमारियों से दूर रहा जा सकता है। विद्यार्थियों के किए योग तनाव से दूर करने का साधन है। इसी को देखते हुए आईसेक्ट यूनिविर्सिटी योग के तीन नए पाठ्यक्रम शुरू करने जा रहा है।
यह पाठ्यक्रम डिप्लोमा इन योगा इंस्ट्रक्टर, स्नातक योगा व नैचुरोपैथी और पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन योगा थैरपी है।
इसमें डिप्लोमा के लिए योग्यता किसी भी संकाय में बारहवीं उत्तीर्ण, तीन वर्षीय स्नातक पाठ्यक्रम के लिए किसी भी संकाय में बारहवीं उत्तीर्ण और पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा के लिए किसी भी संकाय में स्नातक की परीक्षा उत्तीर्ण की गई हो।
हाल ही में यूनिवर्सिटी को निजी क्षेत्र में उभरते हुए उच्च शिक्षा संस्थान के रूप में प्रतिष्ठित वल्र्ड एजुकेशन अवार्ड 2016 प्राप्त हुआ है।