
Sarojini Naidu School Bhopal: मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में बुधवार को सरोजिनी नायडू शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की छात्राओं ने जमकर हंगामा करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। विरोध प्रदर्शन कर रही छात्राओं ने स्कूल में तोड़फोड़ भी की। स्कूल में हंगामे की खबर लगते ही राज्य शिक्षा केंद्र के निदेशक और स्थानीय विधायक आरिफ मसूद स्कूल पहुंचे और किसी तरह से छात्राओं को समझाइश दी। स्कूल की एचआर व एस्टेट मैनेजर वर्षा झा को अनिश्चित काल के लिए छुट्टी पर भेज दिया गया है। वर्षा झा पर छात्राओं ने गंभीर आरोप लगाए हैं।
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सरोजनी नायडू स्कूल की सैकड़ों छात्राओं का गुस्सा बुधवार को फूट पड़ा। छात्राओं ने स्कूल की एचआर वर्षा झा के कमरे में घुसकर तोड़फोड़ की और फिर स्कूल के बाहर आकर नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया। छात्राओं का आरोप है कि एचआर वर्षा झा के द्वारा उनके साथ बहुत बुरा बर्ताव किया जाता है। छात्राओं के मुताबिक अगर वो स्कूल आने में 5 मिनट भी लेट हो जाएं तो उनसे स्कूल में झाड़ू लगवाया जाता है पोंछा मरवाया जाता है। इतना ही नहीं कई बार तो लेट आने पर उन्हें स्कूल के गेट पर ही धूप में या बारिश में घंटों खड़ा कर दिया जाता है। विरोध कर रही छात्राओं ने स्कूल की टाइमिंग को सुबह 10.30 बजे से हटाकर सुबह 8 बजे किए जाने की मांग भी की।
सरोजनी नायडू स्कूल में छात्राओं के प्रदर्शन और हंगामे की खबर लगते ही राज्य शिक्षा केन्द्र के निदेशक और आरिफ मसूद स्कूल पहुंचे और छात्राओं को समझाने की कोशिश की। लेकिन छात्राएं एचआर वर्षा झा के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़ी रहीं जिसके चलते राज्य शिक्षा केन्द्र के निदेशक ने वर्षा झा को अनिश्चितकाल तक के लिए छुट्टी पर भेज दिया है और छात्राओं की मांग पर स्कूल की टाइमिंग सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे की कर दी। वहीं प्रदर्शन के दौरान कुछ छात्राएं बेहोश हो गईं जिन्हें विधायक आरिफ मसूद ने अपनी गाड़ी से अस्पताल भेजा।
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सरोजनी नायडू स्कूल में एचआर व एस्टेट मैनेजर वर्षा झा की नियुक्ति को लेकर सवाल उठे हैं। वर्षा झा रिटायर्ड अधिकारी नियुक्त की गई थीं। जिनके खिलाफ छात्राओं ने गंभीर आरोप लगाए हैं। वर्षा झा की नियुक्ति को लेकर छात्राओं के परिजन ने भी सवाल उठाए हैं उनका कहना है कि आर्मी से कथित तौर पर रिटायर्ड उक्त महिला अधिकारी की नियुक्ति कैसे की गई है और उन्हें स्कूल के कामकाज में दखल देने का क्या अधिकार है?
इस मामले में प्रदेश में सियासत गर्मा चुकी है। कांग्रेस के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष अरुण यादव ने एक्स पर ट्वीट कर केंद्र सरकार के बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान पर सवाल उठाते हुए लिखा कि भाजपा के राज में छात्राओं, बेटियों, महिलाओं पर अत्याचार जारी । अब मामला भोपाल के सरोजिनी नायडू शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का आया है, जिसमें लेट आने पर छात्राओं से सफाई कराई जाती है, इस मांग को लेकर छात्राओं का प्रदर्शन जारी । क्या यही है बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ की हकीकत ?
Updated on:
04 Sept 2024 04:37 pm
Published on:
04 Sept 2024 04:36 pm
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