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‘बेटी शांभवी का यूं जाना स्तब्ध कर गया…’ भावुक हुए शिवराज; बोले- मेरा मन दु:खी…

Captain Shambhavi Pathak: बुधवार को महाराष्ट्र के बारामती एयरपोर्ट पर हुए प्लेन क्रैश में ग्वालियर की शांभवी पाठक का भी निधन हो गया।
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Captain Shambhavi Pathak: महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार का बुधवार की सुबह 8.45 बजे बारामती एयरपोर्ट पर प्लेन क्रैश में निधन हो गया। हादसे में सुरक्षाकर्मी, पायलट और महिला क्रू मेंबर समेत 5 लोगों की मौत हो गई। इसमें से एक मध्यप्रदेश के ग्वालियर की रहने वाली कैप्टन शांभवी पाठक भी थीं। इसी बीच केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी शांभवी को श्रद्धांजलि अर्पित की है।

शिवराज सिंह हुए भावुक

केंद्रीय कृषि मंत्री और मध्य प्रदेश के पूर्व सीएम शिवराज सिंह ने एक्स पर एक भावुक पोस्ट किया है। जिसमें उन्होंने लिखा कि मध्यप्रदेश की होनहार बेटी शांभवी पाठक का यूं चले जाना स्तब्ध कर गया। मैंने उनके साथ यात्रा की है। अपने सपनों को मेहनत, साहस और आत्मविश्वास के साथ जीने वाली हमारी बिटिया बेहद प्रतिभावान तथा कर्तव्यनिष्ठ पायलट थी।

बोले- मेरा मन दु:खी

आगे शिवराज ने लिखा कि बेटी के जाने से मेरा मन दुःखी है। ईश्वर बेटी शांभवी की आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें। विनम्र श्रद्धांजलि।

शिवराज सिंह चौहान से प्रभावित थीं शांभवी

बता दें कि, शिवराज सिंह चौहान से शांभवी काफी प्रभावित थीं। वह उनके फेवरेट राजनेताओं में से एक थे। शांभवी ने कई सलमान खान, राहुल गांधी, आमिर खान और सीएम डॉ मोहन यादव जैसी शख्सियतों के साथ के साथ उड़ान भर चुकी हैं।

ज्योतिषी ने कहा था साल 2026-27 में नाम रोशन करेगी शांभवी

दादी मीरा पाठक ने बताया कि जब शांभवी की कुंडली बनी थी। तब ज्योतिषी ने कहा था कि साल 2026-27 में ऐसा काम करेगी कि पूरे देश में उसकी अलग पहचान बन जाएगी, लेकिन पता नहीं था कि साल 2026 की 28 जनवरी को इस तरह नाम रोशन करके सभी को छोड़कर चली जाएगी।

दादी के दिल के करीब थीं शांभवी

दादा मीरा पाठक ने बताया कि सांभवी मेरे दिल के सबसे करीब थी। वह काम में व्यस्त रहती थी। जिसके कारण हमारी बहुत काम बात हो पाती थी। मगर, लंबी बात होती थी। वह मुझे प्यार से दादी की जगह दादा कहकर पुकारती थी। वह कहती थी कि दादाजी के चले जाने के बाद आप ही मेरे दादा हो।