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11वीं के बच्चों का मार्गदर्शन देने स्कूलों में लगेंगे करियर मेले

स्कूल शिक्षा विभाग ने जारी किए निर्देश

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भोपाल

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Sunil Mishra

Mar 26, 2019

SURAT

FEE ISSUE : स्कूलों में एफआरसी की ओर से तय फीस के पालन पर संशय

एक अप्रैल से शुरु हो रहे शिक्षा सत्र में 11वीं कक्षा में प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राओं को विषय चयन के लिए करियर काउंसलिंग की जाएगी। स्कूल शिक्षा विभाग ने इसके लिए 5 से 15 अप्रैल तक सभी उच्चतर माध्यमिक स्कूलों को इसके लिए निर्देश जारी कर दिया है। स्कूलों को क्लस्टर के रुप में चिह्नित कर 8-10 किमी के दायरे में आने वाले स्कूलों के बच्चों को इस काउंसलिंग में शामिल किया जाएगा। एक विकास खंड में करीब 5 क्लस्टर बनाए जाएंगे। करियर मेले के रुप में काउंसलिंग आयोजित की जाएगी। इसमें छात्रों का पंजीयन किया जाएगा। हर क्षेत्र के लिए अलग-अलग स्टॉल लगाया जाएगा, जिसमें रिसोर्स पर्सन के साथ स्कूल स्टाफ भी उपलब्ध रहेगा। इसमें विषयों के बारे में छात्रों को बताया जाएगा।

राज्य स्तरीय मोगली उत्सव शुरू

भोपाल. प्रदेश के स्कूली विद्यार्थियों को वनों, वन्य प्राणियों एवं वन्य जीवन से रूबरू कराने के लिए राज्य स्तरीय मोगली उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम के तहत मण्डला, डिण्डौरी सहित आसपास के आठ जिलों के 80 विद्यार्थी रविवार से कान्हा राष्ट्रीय अभ्यारण्य में पहुंचे जो 26 मार्च तक वन्य जीवन को देखेंगे। इसी समय के दौरान पन्ना के आसपास के आठ जिलों के 80 विद्यार्थी पन्ना राष्ट्रीय अभ्यारण में पहुंचे हैं। दूसरे चरण में 28 से 30 मार्च अलग-अलग जिलों के विद्यार्थियों को सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के मड़ई, माधव राष्ट्रीय उद्यान शिवपुरी, राष्ट्रीय उद्यान बांधवगढ़ उमरिया में वन्य जीवन देखने के लिए ले जाया जाएगा।

मान्यता के प्रकरणों का करें त्वरित निराकरण

भोपाल. राज्य शिक्षा केन्द्र ने शिक्षा के अधिकार निजी स्कूलों की मान्यता के लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकण के निर्देश जारी किए हैं। राज्य शिक्षा केन्द्र की संचालक आइरिन सिंथिया ने विकासखंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारी सह विकासखंड स्त्रोत समन्वयकों को निर्देश दिए हैं कि 20 मार्च की स्थिति में भी स्कूलों के मान्यता के प्रकरण अटके होने को शिक्षा के अधिकार उल्लंघन हैं। आरटीई के तहत 2019-20 के लिए विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाना है, ऐसे में यदि मान्यता के प्रकरणों का तत्काल निराकरण नहीं किया गया तो विद्यार्थी ऑनलाइन प्रकिया में शामिल नहीं हो सकेंगे, इसलिए लंबित प्रकरणों का तुरंत निराकरण किया जाए।