भोपाल

सीएम शिवराज द्वारा कांग्रेस प्रवक्ता केके मिश्रा के खिलाफ लगाया गया मान हानि का केस निरस्त

- भोपाल जिला न्यायालय का फैसला। व्यापमं घोटाले के मामले में मिश्रा ने लगाए थे आरोप।

less than 1 minute read
Dec 25, 2022
patrika

CM Shivraj Defamation case aginest K K Mishra: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की ओर से कांग्रेस मीडिया विभाग के अध्यक्ष केके मिश्रा के खिलाफ दायर पुनरीक्षण याचिका भोपाल जिला न्यायालय (सेशन कोर्ट) ने खारिज कर दी है। सीएम शिवराज ने एक मामले में केके मिश्रा के खिलाफ मानहानि की याचिका दायर की थी। हालांकि इससे पहले भी यह याचिका कोर्ट खारिज कर चुका है। बताया जा रहा है कि सीएम की तरफ से याचिका दायर करने वाले वकीलों की टेक्निकल गलती की वजह से याचिका शनिवार को खारिज की गई।

ऐसे समझें मामला
कांग्रेस के वर्तमान मीडिया विभाग के अध्यक्ष केके मिश्रा की ओर से वर्ष 2014 में व्यापम घोटाले में सीएम शिवराज और उनके परिवार पर आरोप लगाए गए थे। इस आरोप के बाद इस आरोप के बाद सरकार की तरफ से भोपाल कोर्ट में मुख्यमंत्री की मानहानि का केस दायर किया गया था।

कोर्ट ने 2017 में मामले में केके मिश्रा को दो साल की सजा और 25 हजार रुपए का जुर्माना लगाया था। इसे केके मिश्रा ने हाईकोर्ट में चुनौती दी, लेकिन कोर्ट की तरफ से स्टे नहीं मिला। इसके बाद मिश्रा सुप्रीम कोर्ट गए। जहां कोर्ट ने मिश्रा की दो साल की सजा और 25 हजार रुपए का जुर्माना यह कहते हुए माफ कर दिया कि इसमें सरकार याचिका नहीं लगा सकती।

साथ ही व्यक्तिगत याचिका दायर करने को कहा था। जिसके बाद शिवराज सिंह चौहान की तरफ से व्यक्तिगत रूप से मानहानि की याचिका दायर की गई, लेकिन कोर्ट ने समय पूरा होने की बात कहकर याचिका खारिज कर दी। इसके बाद दोबारा शिवराज की तरफ से वकीलों ने पुनरीक्षण याचिका दायर की, लेकिन कोर्ट ने दोबारा पिछली कोर्ट के निर्णय को सही बताते हुए याचिका को खारिज कर दिया।

Updated on:
25 Dec 2022 05:42 pm
Published on:
25 Dec 2022 05:36 pm
Also Read
View All

अगली खबर