
patrika
भोपाल. राजधानी के बागसेवनिया थाना क्षेत्र में छह महीने से बंद एक फ्लैट में रखी पलंग पेटी के अंदर करीब छह महीने से अधिक पुरानी लाश मिली है। लाश कपड़ों के बीच एक चादर में लिपटी हुई थी। इसे गद्दे के बीच दबाकर रखा गया था। इस बात का खुलासा नहीं हो सका है कि ये लाश महिला की है या पुरुष की। हालांकि, प्राथमिक जांच में ये लाश महिला की बताई जा रही है। पुरानी होने के बावजूद ये लाश न तो सड़ी है और न ही इसमें गलन हुआ है। खास बात यह है कि इस फ्लैट में रहने वाली विमला श्रीवास्तव और उनका बेटा अमित श्रीवास्तव तकरीबन छह महीने से लापता हैं। विमला ने बीडीए से यह फ्लैट वर्ष 2003 में लिया था। पड़ोसियों के मुताबिक उन्होंने दोनों को कई महीनों से नहीं देखा है।
लाश मिलने के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई। पुलिस ने शव बरामद कर एफएसल टीम की मौजूदगी में पोस्टमार्टम और डीएनए टेस्ट के लिए भेज दिया है। इस घटना के बाद सीरियल किलर उद्दयन दास के घर में मिली लाश का मामला ताजा हो गया है। सीरियल किलर ने प्रेमिका आकांक्षा की हत्या कर घर के अंदर चबूतरे में उसके शव को दफना दिया और मां इंद्राणी दास पिता बीके दास की हत्या कर उन्हें छत्तीसगढ़ के घर में दफना दिया था।
पुलिस के मुताबिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट और तफ्तीश के बाद ही खुलासा होगा कि यहां मिले शव को हत्या कर रखा गया था या कोई और वजह है। मौके पर मिले साक्ष्यों के आधार पर इसे हत्या का मामला बताया जा रहा है। इसकी वजह लाश का पलंग पेटी के अंदर मिलना है।
एक्सपर्ट बोले- कपड़ों ने सोख लिया पानी, इसलिए बाहर नहीं आई बदबू
एफएसएल एक्सपर्ट एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. डीके शर्मा जांच के लिए मौके पर पहुंचे। शर्मा ने बताया कि कमरे में दुर्गंध नहीं थी, लेकिन पलंग पेटी के अंदर से तेज दुर्गंध आ रही थी। घर से बाहर दुर्गंध न फैलने की वजह पर उन्होंने बताया कि लाश को रखने के पहले उसके नीचे गद्दा बिछाया गया। इसके बाद उसे चादर से लपेट दिया गया। शव खुले में न होने की वजह से उसमें कीड़े नहीं पड़े। इसके अलावा शरीर मे जो पानी था, उसे रजाई-गद्दों ने सोख लिया। इसलिए दुर्गंध बाहर नहीं आ पाई और लाश एक ममी के रूप में तब्दील हो गई। डॉ. शर्मा ने बताया कि यह लाश करीब पांच- महीने पुरानी होगी। लाश में हाथ-पैर के अलावा कोई भी अंग सलामत नहीं बचा हैं। लाश सिकुड़ चुकी है इसके अलावा शरीर में ऐसी कोई भी चीज साबुत नहीं बची है, जिससे यह साफ हो सके कि यह लाश महिला या पुरूष की है।
डुप्लीकेट चाबी से खोला ताला
एसडीओपी दिशेष अग्रवाल ने बताया कि रविवार दोपहर करीब साढ़े 3 बजे पुलिस को सूचना मिली थी कि विद्या नगर स्थित एलआइजी 5/24 फ्लैट में पलंग पेटी के अंदर एक लाश है। प्राथमिक जांच में पता चला कि मूलत: ग्वालियर निवासी विमला श्रीवास्तव और उनका बेटा अमित श्रीवास्तव यहां रहते थे। जानकारी के मुताबिक विमला श्रीवास्तव परिवहन विभाग में लिपिक थीं और उनकी पति की जगह अनुकंपा नियुक्ति हुई थी। मामले का खुलासा तब हुआ, जब फ्लैट खरीदने वाले रामवीर सिंह का बेटा अमित सिंह साफ-सफाई के लिए यहां मजदूरों के साथ आया। डुप्लीकेट चाबी से ताला खोलने के बाद मजदूरों ने सफाई के लिए पलंग खोला तो उसमे लाश मिली।
Published on:
04 Feb 2019 04:04 am
बड़ी खबरें
View Allभोपाल
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
