प्रदेश में लोकायुक्त संगठन भ्रष्टाचारियों पर शिकंजा कसने के लिए बनाया गया है। दूसरे राज्यों की तुलना में यहां के लोकायुक्त ने लगातार प्रभावशाली कार्रवाईयां की हैं। खुद विभाग की रिपोर्ट कहती है कि उसने वर्ष अप्रैल 2001 से मार्च 2014 के बीच में 225 कार्रवाई की, जिसमें 3,46,91,05,051 रुपए की संपत्ति बरामद की गई। इस बेनामी संपत्ति को विभाग ने न केवल सीज किया, बल्कि जिम्मेदार लोगों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई भी की गई। सबसे ज्यादा कार्रवाई वर्ष 2011-12 में हुई, जिसमें 1,06,80,49,503 रुपए की संपत्ति बरामद की गई थी।