25 अप्रैल 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

रामलला के आभूषण में सोना,हीरा-पन्ना और कीमती जवाहरात का हुआ है इस्तेमाल

श्रीराम के बालस्वरूप को सभी ने प्राण प्रतिष्ठा के बाद टीवी पर देखा। बाल विग्रह यानी बाल रूप में भगवान श्याम वर्ण की मूर्ति बेहद मनमोहक है। उसे और अधिक सुंदर बनाया है मूर्ति पर सुभोषित आभूषणों ने। आइए जानते हैं रामलला ने कौन-कौन से आभूषण पहन रखे हैं और उन्हें बनाने में सोना, हीरा, मणिक, पन्ना, मोती और कई अन्य रत्नों का इस्तेमाल हुआ है।

2 min read
Google source verification
ram_lala.jpg

श्रीराम के बालस्वरूप को सभी ने प्राण प्रतिष्ठा के बाद टीवी पर देखा। बाल विग्रह यानी बाल रूप में भगवान श्याम वर्ण की मूर्ति बेहद मनमोहक है। उसे और अधिक सुंदर बनाया है मूर्ति पर सुभोषित आभूषणों ने। आइए जानते हैं रामलला ने कौन-कौन से आभूषण पहन रखे हैं और उन्हें बनाने में सोना, हीरा, मणिक, पन्ना, मोती और कई अन्य रत्नों का इस्तेमाल हुआ है।

रामलला का मुकुट
मुकुट का वजन करीब १७०० ग्राम है। स्वर्णजडि़त मुकुट में ७८ कैरेट का हीरा,१३५ कैरेट का जाम्बियन पन्ना,२६२ कैरेट का मणिक लगा है। इसके अलावा अन्य जवाहरात लगाए गए हैं। मुकुट के पीछे की ओर ५०० ग्राम का २२ कैरेट का सोने का प्रभामंडल भी है।
तिलक
माथे पर बने तिलक का वजन १६ ग्राम है। केंद्र में ३ कैरेट का हीरा है। १० कैरेट के और छोटे-छोटे हीरे लगे हैं। मणिक का भी इस्तेमाल हुआ है।
दाएं हाथ की अंगूठी
रामलला के दाएं हाथ में पन्ने की अंगूठी है। वजन ६५ ग्राम है। इसमें ४ कैरेट का हीरा और ३३ कैरेट का पन्ना जड़ा है। इसमें मणिक का भी इस्तेमाल हुआ है।
मणिक की अंगूठी
रामलला के बांए हाथ में मणिक की अंगूठी है। हीरे-मणिक जड़ी इस अंगूठी का वजन करीब २६ ग्राम है।
हार
भगवान के गले में पीले सोने का ५०० ग्राम का हार है। इसमें ५० कैरेट का हीरा,१५० कैरेट मणिक और ३८० कैरेट पन्ना जड़ा है। इसके केंद्र में सूर्यवंशी लोगो है।
पंचलड़ा
गले में ६६० ग्राम का पंचलड़ा लटक रहा है। इसमें ८० ग्राम कैरेट के हीरे, ६० कैरेट की पोल्की और ५५० कैरेट का पन्ना जड़ा है। पांच धागों में हरेक पंचतत्व का प्रतीक है।
विजय माला
२२ कैरेट सोने से बनी २ किलोग्राम की विजयमाला रामलला पहने हैं। यह माला रामलला के चरणों तक पहुंचती है।
कमरबंद
७५० ग्राम की पीले सोने से बनी कमरबंद में ७० कैरेट के हीरे, ८५० कैरेट के मणिक और पन्ना जड़े हैं।
बाजूबंद
४०० ग्राम के २२ कैरेट के बने दो जोड़ी बाजूबंद रामलला धारण किए हैं।
कंगन
स्वर्णजणित ८५० ग्राम के कंगन में १०० कैरेट के हीरे और ३२० कैरेट के मणिक व पन्ने जड़े गए हैं।
पग खड़ुवा
पग खड़ुवा का वजन ४०० ग्राम है। ५५ कैरेट के हीरे और ५० कैरेट के मणिक का सोने पर बेहतर काम हुआ है।
सोने की पायल
५६० ग्राम की पायल में २२ कैरेट सोने का इस्तेमाल हुआ है।
चांदी की वस्तुएं और धनुष-बाण
भगवान के खिलौनों में घोड़ा,हाथी, ऊंट, झुनझुना और एक लट्टू शामिल है। यह सभी सोने चांदी के बने हैं। धनुष और बाण भी करीब एक किलो के हैं। ये २४ कैरेट शुद्ध सोने से कवर हैं।