11 मई 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

इंदौर से चुनाव लड़ते हैं पीएम मोदी तो 8 लोकसभा सीटों पर पड़ेगा सीधा असर, भाजपा को हो सकता है फायदा

इंदौर से चुनाव लड़ते हैं पीएम मोदी तो 8 लोकसभा सीटों पर पड़ेगा सीधा असर, भाजपा को हो सकता है फायदा

2 min read
Google source verification

भोपाल

image

Pawan Tiwari

Mar 27, 2019

modi

इंदौर से चुनाव लड़ते हैं पीएम मोदी तो 8 लोकसभा सीटों पर पड़ेगा सीधा असर, भाजपा को हो सकता है फायदा

भोपाल.पीएम मोदी इस बार भी उत्तर प्रदेश की वाराणसी सीट से चुनाव लड़ेंगे। मध्यप्रदेश की इंदौर लोकसभा सीट से भी उनके चुनाव लड़ने की अटकलें लगाई जा रही हैं। पीएम मोदी के इंदौर से लोकसभा चुनाव लड़ने के लिए जिला भाजपा कमेटी ने एक प्रस्ताव पास किया है। इस प्रस्ताव में कहा गया है कि अगर ताई को टिकट नहीं दिया जाता है तो पीएम मोदी को इंदौर से चुनाव लड़ना चाहिए। इस प्रस्ताव के केन्द्रीय कमेटी में भेजे जाने की भी चर्चा है। हालांकि अंतिम फैसला केन्द्रीय नेतृत्व को लेना है कि इस बार इंदौर से उम्मीदवार कौन होगा।


अगर मोदी इंदौर से चुनाव लड़े तो क्या प्रभाव होगा
मध्यप्रदेश में इस बार कांग्रेस की सरकार है। 15 सालों के बाद मध्यप्रदेश में भाजपा की हार हुई है। अगर पीएम मोदी इंदौर से लोकसभा का चुनाव लड़ते हैं तो इसका सीधा फायदा पूरे प्रदेश को मिलेगा। वहीं, पीएम मोदी के इंदौर से चुनाव लड़ने से भोपाल लोकसभा सीट पर दिग्विजय सिंह की पकड़ कमजोर हो सकती है। जानकारों का कहना है कि पीएम अगर इंदौर से चुनाव लड़ते हैं तो इसका असर पूरे मालवा के साथ प्रदेश में भी दिखाई देगा। 2014 के लोकसभा चुनाव में मध्यप्रदेश में भाजपा ने 29 में से 27 सीटों पर जीत दर्ज की थी। भाजपा के पास इस बार सबसे बड़ी चुनौती होगी इन सीटों को बचाए रखना। कांग्रेस के पास मध्यप्रदेश में खोने के लिए कुछ भी नहीं है लेकिन प्रदेश में सरकार बनने के बाद कार्यकर्ताओं में उत्साह है।

मालवा-निमाड़ पर पड़ेगा प्रभाव
विधानसभा चुनावों में भाजपा को सबसे ज्यादा नुकसान मालवा-निमाड़ के क्षेत्र में हुआ। मालवा को भाजपा का गढ़ माना जाता है लेकिन विधानसभा चुनावों में भाजपा को मालवा में भारी नुकसान हुआ। पीएम मोदी अगर इंदौर से चुनाव लड़ते हैं तो वह भाजपा के वोट बैंक को फिर से एकजुट कर सकते हैं जिसका फायदा पूरे मालवा निमाड़ में भाजपा को मिलेगा। मालवा निमाड़ में मध्यप्रदेश के 15 जिले आते हैं। इसे क्षेत्र में विधानसभा की 66 और लोकसभा की आट सीटें हैं। ऐसे में अगर मोदी यहां से चुनाव लड़ते हैं तो भाजपा को सीधा फायदा होगा। विधानसभा चुनाव में भाजपा को मालवा-निमाड़ क्षेत्र में 29 सीटें मिली थी जबकि 2013 के चुनाव में भाजपा ने 56 सीटें जीती थी।

8 लोकसभा सीटें कौन-कौन सी









































लोकसभा सीट2014 में कौन जीता था
इंदौरभाजपा
देवासभाजपा
मंदसौरभाजपा
खरगोनभाजपा
उज्जैनभाजपा
खंडवाभाजपा
धारभाजपा
झाबुआ-रतलामभाजपा (उपचुनाव में ये सीट कांग्रेस के पास चली गई थी)

आदिवासी वोटरों पर भी पड़ेगा प्रभाव
मालवा-निमाड़ क्षेत्र में ओबीसी, एसटी और एससी वोटरों की संख्या ज्यादा है। आदिवासी इलाकों में भाजपा का वोट बैंक मजबूत था लेकिन विधानसभा चुनाव में ये वोट बैंक भाजपा से छिड़क गया। कहा जाता है कि मध्यप्रदेश में किसी दल को सत्ता पर पहुंचाने के लिए मालवा-निमाड़ का वोटर वड़ी भूमिका निभाता है। मालवा, निमाड़ और भोपाल क्षेत्र को बीजेपी का परंपरागत तौर पर गढ़ माना जाता रहा है। ऐसे में पीएम मोदी यहां से चुनाव लड़कर इन वोटरों को फिर से साध सकते हैं।

इंदौर से क्या लड़ सकते हैं चुनाव

इंदौर से भाजपा का उम्मीदवार कौन होगा अभी यह तय नहीं है। लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन की दावेदारी को लेकर संशय बना हुआ है। इस बीच सुमित्रा महाजन ने इंदौर में भाजपा की बैठक में पीएम मोदी को इंदौर से चुनाव लड़ने की बात कही है। हालांकि उन्होंने बाद में इसे मजाक बताया। तभी से पीएम मोदी के यहां से चुनाव लड़ने की अटकलें शुरू हुई हैं।