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अपने ही विभाग के मंत्री के खिलाफ चुनाव लडऩा चाहता है यह सख्स, जाने क्या है वजह

मध्यप्रदेश में सरकार से नाराज एक डॉक्टर अपने ही विभाग के मंत्री के खिलाफ चुनाव लडऩा चाहता है। डॉक्टर ने अपने एसोसिएशन से चुनाव लडऩे की अनुमति भी मांगी है।

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अपने ही विभाग के मंत्री के खिलाफ चुनाव लडऩा चाहता है यह सख्स, जाने क्या है वजह

अपने ही विभाग के मंत्री के खिलाफ चुनाव लडऩा चाहता है यह सख्स, जाने क्या है वजह

चिकित्सा शिक्षा विभाग की नीतियों से नाराज विभाग के डॉक्टर अन्य मुद्दों पर आंदोलन की बात कर रहे हैं। बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज मेडिकल टीचर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ.़ सर्वेश जैन ने सागर और राजधानी भोपाल के नरेला विधानसभा क्षेत्र से विधायक का चुनाव लडऩ़े की अनुमति मांगी है। मालूम हो कि नरेला विभागीय मंत्री विश्वास सारंग का विधानसभा क्षेत्र है। डॉ. जैन का कहना है कि राजनीति में अक्षम लोगों को प्रतिनिधित्व मिला है जबकि बुद्धिजीवी वगज़् इससे बहुत दूर है। ऐसे में सामान्य व्यक्ति के रूप में विधायक बनकर सिस्टम की सफाई करना चाहता हूं। डॉ.़ जैने पत्र लिखकर प्रोग्रेसिव मेडिकल टीचसज़् एसोसिएशन से अनुमति मांगी है।

कॉलेज के डॉक्टर चार साल से सातवें वेतनमान का एरियर ना मिलने से नाराज हैं। चिकित्सकों का आरोप है कि भोपाल संभागायुक्त ने जीएमसी का एरियर रोक रखा है जबकि उनके अधीनस्त विदिशा मेडिकल कॉलेज को एेरियर का भुगतान हो चुका है। नाराज चिकित्सकों ने विभाग को एरियर भुगतान के लिए १२ दिन का समय दिया है। मंगलवार हो हुई चिकित्सा शिक्षकों की समान्य सभा में तय किय गया कि १२ दिन में मांग पूरी ना होने पर २८ मार्च से चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया जाएगा। इसमें डॉक्टर्स हड़ताल पर भी जा सकते हैं।
मालूम हो कि गांधी मेडिकल कॉलेज में वर्ष १० अक्टूबर २०१९ को जारी सातवें वेतनमान के एरियर का भुगतान अब तक नहीं हुआ है। कॉलेज में प्रतिवर्ष एेरियर की राशि १८ करोड़ रुपए से ज्यादा होती है जो चार साल में बढ़कर ७२ करोड़ से भी ज्यादा हो गई।