23 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जनप्रतिनिधि बोले-कागजी प्लान का प्रेजेंटेशन मत दिखाओ, तालाब-शहर के कब्जे कैसे हटेंगे बताओ

जियोस की बैठक: रामेश्वर ने कहा- हरियाली बचने दो, मंत्री गोविंद सिंह का जवाब- 15 साल में आपने क्या कर लिया टीएंडसीपी संयुक्त संचालक ने कहा- बाद में आप लोग कहते हैं कि बगैर पूछे कैसे बना प्लान मंत्री अकील बोले-मेरे क्षेत्र में बढ़े हुए बिल, जमा नहीं किए तो कट गए बिजली कनेक्शनप्रतिबंधात्मक कार्रवाई को लेकर प्रभारी मंत्री के सामने विधायक मसूद-सांसद प्रज्ञा के बीच ठनी

3 min read
Google source verification
जनप्रतिनिधि बोले-कागजी प्लान का प्रेजेंटेशन मत दिखाओ, तालाब-शहर के कब्जे कैसे हटेंगे बताओ

जनप्रतिनिधि बोले-कागजी प्लान का प्रेजेंटेशन मत दिखाओ, तालाब-शहर के कब्जे कैसे हटेंगे बताओ

भोपाल. शहर के मास्टर प्लान ड्राफ्ट पर पे्रजेंटेशन के लिए बुलाई गई जिला योजना समिति की बैठक में यह मुद्दा सिर्फ 5 मिनट में निपट गया। गुरुवार को जिला पंचायत भवन में हुई बैठक में जैसे ही संयुक्त संचालक टीएंडसीपी सुनीता सिंह ने कलेक्टर तरुण पिथोड़े के निर्देश पर प्रजेंटेशन शुरू किया, वैसे ही सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर, विधायक विश्वास सारंग, रामेश्वर शर्मा और कृष्णा गौर ने रोक दिया। उन्होंने अफसरों से कहा कि कागजी पुलिंदा दिखाकर औपचारिकता मत निभाओ, ये बताओ कि पूरे शहर और खासतौर पर बड़ा तालाब के किनारों पर जमे अतिक्रमणों को कैसे हटाया जाएगा। विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि विकास योजना के नाम पर शहर की हरियाली को ना उजाड़ा जाए। प्रभारी मंत्री गोविंद सिंह ने पलटवार किया कि 15 साल प्रदेश में आपकी सरकार थी, आप लोगों ने क्या कर लिया। रामेश्वर ने किसानों के मुआवजे का मुद्दा उठाने की कोशिश की तो गोविंद सिंह ने जवाब दिया कि हम क्या करें, केंद्र सरकार पैसा देने में अड़ंगेबाजी कर रही है। संयुक्त संचालक सुनीता ङ्क्षसह ने कहा कि सर, बाद में आप लोग कहते हैं कि प्लानिंग बगैर पूछे बन जाती है, इसलिए सुझाव देने का कष्ट करें। मंत्री पीसी शर्मा व विधायक मसूद बोले की यदि नहीं बोलना है तो लिखित में सुझाव टीएंडसीपी को भिजवा दें। रामेश्वर शर्मा के बार-बार बोलने पर पीसी शर्मा से कहा कि क्या आप जियोस के अध्यक्ष बन गए हैं, जो अध्यक्ष गोविंद ङ्क्षसह को भी बोलने नहीं दे रहे हैं। इस बार शर्मा ने मसूद से कहा-तुम मेरे क्षेत्र का काम करवा दो अहसान मानूंगा।

मसूद-प्रज्ञा में बहस, बैठक खत्म
वि धायक विश्वास सारंग ने बैठक में अयोध्या मसले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करने का प्रस्ताव पारित करने की अपील की। इस पर गोविंद सिंह ने कहा कि प्रशासन और पुलिस कानून व्यवस्था का ध्यान रखे और अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई करे। सांसद प्रज्ञा ने इस पर आपत्ति लेते हुए डीआईजी इरशाद वली की तरफ देखकर कहा कि प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की आड़ में वर्ग विशेष के युवकों को निशाना बनाया जा रहा है। आरिफ मसूद ने इस पर
आपत्ति ली तो दोनों में बहस होने लगी। मंत्री गोविंद सिंह ने दोनों को चुप कराते हुए शांति बनाए रखने की अपील की और बैठक समाप्त कर दी।

बैठक में इन मुद्दों पर तकरार
संयुक्त संचालक सुनीता सिंह ने कहा कि मेट्रो के प्रस्तावित 6 रूट के दोनों तरफ की जमीन पर एफएआर बढ़ाया जाएगा।
विधायक विश्वास सारंग बोले कि मास्टर प्लान की सडक़ों की योजना बनाने की बजाय मौजूदा को अपडेट करना चाहिए। प्रस्तावित सीवेज-ड्रेनेज लाइन के लिए भी जमीनें रिजर्व की जाएं।
विधायक रामेश्वर शर्मा ने कहा कि हुजूर का विकास दो नगर निगम बनने से रुक जाएगा। मौजूदा सरकारी कार्यालय और अस्पताल सुविधा नहीं दे पा रहे हैं। दो निगम बने तो हाल और बुरा हो जाएगा।
विधायक कृष्णा गौर ने कहा कि बागसेवनियां थाने से लेकर कटारा हिल्स तक सडक़ के दोनों ओर अतिक्रमण हो गए हैं। इन्हें हटवाने के लिए नगर निगम आयुक्त को निर्देशित करें। निगमायुक्त ने कहा कि संयुक्त रूप से निरीक्षण किया है, जल्द ही कार्रवाई शुरू होगी।
सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर बोलीं कि केंद्र सरकार की योजनाओं और फंड का जिले में ठीक से इस्तेमाल नहीं हो रहा है। इन्में भ्रष्टाचार हो रहा है, जिसकी जांच की जानी चाहिए।
डेंगू से निपटने के इंतजामों पर दिखाई जा रही रिपोर्ट पर प्रज्ञा ठाकुर और रामेश्वर शर्मा ने आपत्ति ली। कहा कि गरीब महंगी जांच और इलाज के अभाव में मर रहे हैं और अफसर कागज पर रिपोर्ट बनाने में व्यस्त हैं।
सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने प्रस्ताव रखा कि बरखेड़ा पठानी की शराब दुकान को तुरंत वहां से हटाया जाए। मौके पर स्कूल व घर हैं, शराबी महिलाओं को छेड़ते हैं।
मंत्री आरिफ अकील ने गोविंद सिंह से शिकायत की कि मेरे क्षेत्र में ज्यादा राशि के बिजली बिल आए हैं। गरीबों ने बिल जमा नहीं किए तो कनेक्शन काट दिए गए। गोविंद सिंह ने इंजीनियर अमृतपाल गिल को खड़े करके कहा कि दोबारा शिकायत नहीं आना चाहिए।
मंत्री अकील ने संयुक्त संचालक सुनीता सिंह से कहा कि मास्टर प्लान में मेरे क्षेत्र के साथ गलत व्यवहार नहीं होना चाहिए। कुछ लोग खानूगांव को टारगेट कर रहे हैं, इसलिए आपसे में ऐसा कह रहा हूं।
नगर निगम बंटवारे को लेकर सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर, रामेश्वर शर्मा ने कहा कि बंटवारा वोटों के ध्रुवीकरण के लिए हो रहा है।
अकील ने शरणार्थियों को लेकर कहा कि दूसरे देश से जो लोग आकर भोपाल में बसे हैं, उन्हें आज तक नागरिकता नहीं दी गई है।
बाकी सदस्य बोले कि अध्यक्ष गोविंद सिंह ने उन्हें बोलने का मौका ही नहीं दिया।