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HATE SPEECH: अकेले शेजवार ही नहीं MP के कई मंत्री दे चुके बेतुके बयान

mp.patrika.com आपको ऐसे ही बड़े नेताओं के बारे में बताने जा रहा है, जो महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी और विवादित बयानों से सुर्खियों में रहते हैं।

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Manish Geete

Apr 08, 2016

controversial statements

controversial statements

भोपाल। मध्यप्रदेश में बड़बोले नेता और उनके बेतुके बयानों का एक दौर खत्म होता है तो दूसरा शुरू हो जाता है। कांग्रेस ही नहीं भाजपा में भी ऐसे कई नेता और मंत्री हैं जो अपने मर्यादित और विवादित बयानों से अक्सर सुर्खियों में रहते हैं। मानों इन्होंने विवादित बयान देने का पेटेंट ही अपने नाम करवा लिया हो। MP में विवादित बयान देने वाले मंत्रियों में ताजा उदाहरण डॉ. गौरीशंकर शेजवार हैं। इनके अलावा गृहमंत्री बाबूलाल गौर, कैलाश विजयवर्गीय, विजय शाह, BJP प्रदेश अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान और प्रभात झा शामिल हैं। mp.patrika.com आपको ऐसे ही बड़े नेताओं के बारे में बताने जा रहा है, जो महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी और विवादित बयानों से सुर्खियों में रहते हैं।

आखिर क्या बोले थे शेजवार
प्रदेश के कद्दावर नेताओं में शुमार प्रदेश के वन मंत्री डॉ. गौरीशंकर शेजवार खुद को डॉक्टरों के सामने लाचार बताते हैं। जिला अस्पताल में आयोजित एक कार्यक्रम में वनमंत्री ने कहा कि डॉक्टर्स का कौन-क्या बिगाड़ सकता है। ये बड़े पॉवर फुल होते हैं। मैं तो इनके सामने एक लाचार मंत्री हूं। शेजवार ने कहा की 1977 से सांची क्षेत्र से विधायक हूं। रायसेन अस्पताल की ईंट-ईंट जमते मैंने देखी है। आज दुखी हूं कि मैं अस्पताल का ढर्रा नहीं सुधार पा रहा हूं। मंत्री ने कहा कि भोपाल से अप डाउन करने वाले इन डॉक्टरों पर अगर कोई कार्रवाई करो तो बड़े बड़े लोगों के फोन आ जाते हैं। इसलिए मैंने अब अस्पताल आना ही छोड़ दिया। बस कार्यक्रमों में ही जाता हूं।

जब मंत्री विजय शाह ने की थी GIRLS पर टिप्पणी
मप्र के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री हैं विजय शाह। रंगीन-मिजाजी के चलते कई बार बखेड़ों में उलझ चुके हैं। अप्रैल 2013 में जब शाह आदिम जाति कल्याण मंत्री थे तो झाबुआ में गर्ल्स स्कूल के एक कार्यक्रम में उनकी जुबान ऐसी बहकी कि वहां से लड़कियों को उठकर जाना पड़ा था। शाह ने लड़कियों की ओर इशारा करते हुए कहा था कि पहला-पहला जो मामला होता है, वह आदमी भूलता नहीं। लड़कियों के लिए ट्रेकसूट की मांग पर शाह बोले थे कि ट्रैकसूट छोड़ो, लड़कियों को दो-दो T-शर्ट देंगे। मस्त वाली। लोअर भी देंगे, बढि़या वाला। इसी कार्यक्रम में शाह ने एक वरिष्ठ नेता की पत्नी के नाम का उल्लेख करते हुए टिप्पणी की थी कि मैंने उनसे कहा कि भैया के साथ तो रोज जाती हो, कभी देवर के साथ भी चली जाया करो। इस बात पर रातोरात उन्हें इस्तीफा देना पड़ गया था।

गौर का धोती वाला किस्सा खूब चला
गृहमंत्री बाबूलाल गौर मई 2015 में BJP कार्यालय में आयोजित एक सम्मेलन में उन्होंने अपने रूस दौरे को याद करते हुए कहा कि वहां के एक कार्यक्रम में एक स्थानीय नेता की पत्नी मेरे पास आई और धोती के बारे में पूछने लगी कि यह बिना चेन और बेल्ट के कैसे बांधते हो? उसने कहा- मुझे यह बांधना सिखाओ। तो मैंने कहा- मैं तुम्हें सिखा तो सकता हूं, पर अकेले में। यह किस्से की चर्चा आज भी लोग करते हैं। जून 2014 में गौर ने रेप को सोशल क्राइम बताया था। गौर ने कहा था कि रेप करने वाला कोई कहकर थोड़े ही जाता है कि उसे पकड़ लें।


सीता और शाहरूख पर बोले थे कैलाश विजयवर्गीय
बयान देने में BJP नेता कैलाश विजवर्गीय भी पीछे नहीं हैं। उन्होंने सीताजी को भी नहीं बख्शा। युवा मोर्चा के कार्यक्रम में कैलाश बोले थे कि हर किसी के लिए मर्यादा है। सीता अगर लक्ष्मण रेखा पार करेगी तो रावण उसका हरण कर लेगा। सुपरस्टार शाहरुख खान के लिए भी वे बोले थे कि उनका दिल पाकिस्तान में बसता है।


लाल गालों वाले लोग खाते हैं टमाटर-झा
कुछ दिनों पहले जब टमाटर 100 रुपए किलो हुआ तो BJP के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभात झा के एक बयान ने खासी सुर्खियां बटोरीं। झा का कहना था कि टमाटर तो लाल गालों वाले यानी अमीर लोग खाते हैं। इससे महंगाई का आंकलन नहीं होना चाहिए। दिलचस्प यह भी है कि झा ने ही UPA सरकार में महंगाई बढऩे पर राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल को पत्र लिखकर इच्छामृत्यु मांगी थी।

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