22 दिसम्बर को होने वाली बैठक के दौरान राज्यों के बीच विवादों का निपटारा होने के साथ पड़ोसी राज्यों के अन्य मामलों पर भी चर्चा होगी। राज्यों में पानी विवाद किसी से छिपा नहीं है, इस बैठक में इस पर चर्चा होगी। इसके अलावा पुलिस आधुनिकीकरण, नक्सली समस्या, जंगलों से निकलने वाली हाईटेंशन लाइन बिछाने की अनुमति सहित अन्य मामले एजेंडा में शामिल है। तीन राज्यों के मुख्यमंत्री और अधिकारियों को भोपाल आना है, इसको देखकर सरकार ने अफसरों की विशेष तौर से ड्यूटी लगाई है।