30 स्कूलों में प्रथम, द्वितीय और तृतीय भाषा के लिए अलग से पेपर होंगे तैयारप्रदेश के सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में पांचवीं-आठवीं की परीक्षा बोर्ड ही होगी
भोपाल। प्रदेश के मिडिल एवं प्राइमरी स्कूलों में पांचवीं एवं आठवीं कक्षा की परीक्षा को लेकर बनी पशोपेश की स्थिति अब स्पष्ट हो गई है। राज्य शिक्षा केंद्र (आरएसके) के संचालक धनराजू एस ने परीक्षा की जानकारी देते हुए कहा कि सीबीएसई और एससीएसई स्कूलों को छोड़कर प्रदेश में संचालित होने वाले सभी सरकारी, प्राइवेट एवं मदरसा बोर्ड में पांचवीं एवं आठवीं कक्षा की परीक्षा बोर्ड की ही होंगी।
आरएसके द्वारा बोर्ड परीक्षा में प्राइवेट स्कूलों को शामिल करने के निर्णय के खिलाफ कुछ स्कूल कोर्ट गए थे। फैसले पर संचालक का कहना है कि प्रदेश में ऐसे स्कूलों की संख्या 25 से 30 है। इन स्कूलों में प्रथम, द्वितीय और तृतीय भाषा के पेपर की परीक्षा एनसीईआरटी के सिलेबस के आधार पर होगी। शेष 88 हजार सरकारी, 22 हजार 599 प्राइवेट एवं 11 सौ 54 मदसा बोर्ड में परीक्षाएं एक जैसी ही होंगी।
16 लाख विद्यार्थी परीक्षा में होंगे शामिल
राज्य शिक्षा केंद्र ने पिछले साल से ही पांचवीं-आठवीं की परीक्षा को बोर्ड परीक्षा कर दिया है। पिछले साल सिर्फ सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों ने पांचवीं-आठवीं की बोर्ड परीक्षा दी थी। इस बार पांचवीं-आठवीं में एमपी बोर्ड से संबंधित सभी निजी स्कूलों को भी शामिल किया है। इस बार सरकारी व प्रायवेट स्कूलों के पांचवीं-आठवीं के करीब 16 लाख विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा देना होगी।
25 मार्च से शुरू होगी परीक्षा पांचवीं
आठवीं की बोर्ड परीक्षा 25 मार्च से शुरू होगी। इससे पहले यह परीक्षाएं 23 मार्च से शुरू की जाना थी। दोनों परीक्षाएं 3 अप्रैल को समाप्त होंगी। परीक्षा का समय सुबह 9 से 11.30 बजे तक रहेगा।