मध्यप्रदेश के सिंधिया कोटा के मंत्री राजवर्द्धन सिंह दत्तीगांव एक बार फिर मुश्किलों से घिरते नजर आ रहे हैं. उन पर जमीन और वाहन आदि पर जबरिया कब्जा करने के आरोप लगे हैं. इधर मंत्री की ओर से उनके प्रतिनिधि ने सफाई पेश की है. उनका कहना है कि सभी आरोप झूठे हैं.
धार. मध्यप्रदेश के सिंधिया कोटा के मंत्री राजवर्द्धन सिंह दत्तीगांव एक बार फिर मुश्किलों से घिरते नजर आ रहे हैं. उन पर जमीन और वाहन आदि पर जबरिया कब्जा करने के आरोप लगे हैं. इधर मंत्री की ओर से उनके प्रतिनिधि ने सफाई पेश की है. उनका कहना है कि सभी आरोप झूठे हैं.
बदनावर की एक निजी होटल के मालिक नितिन नांदेचा ने एसपी को मंत्री राजवर्द्धन सिंह दत्तीगांव की दबंगई के खिलाफ आवेदन सौंपा है। उन्होंने आरोप लगाया है कि उनके वाहन, भूमि और व्यवसाय पर मंत्री दत्तीगांव ने कब्जा किया है। हक मांगने पर जान से मारने की धमकी दी जा रही है। वहीं मंत्री प्रतिनिधि राजेंद्र सराफ के अनुसार मंत्री ने कोई धमकी नहीं दी। आरोप निराधार हैं।
क्या है विवाद
भोपाल की एक युवती ने बदनावर की इस होटल में खूब विवाद किया था. उसने प्रदेश सरकार के मंत्री व क्षेत्रीय विधायक राजवर्धन सिंह दत्तीगांव को रेपिस्ट तक कह दिया था. इसका वीडियो भी वायरल हो गया था जिससे मंत्री की मुश्किलें बढ़ गईं थीं। हालांकि वीडियो वायरल होने के बाद युवती का खंडन भी सामने आ गया था जिससे मामला लगभग शांत हो गया था लेकिन तभी मंत्री समर्थकों ने होटल में तोड़फोड़ कर ताले जड़ दिए। इससे विवाद फिर भड़क उठा. समर्थकों के हंगामे से मंत्री भी दोबारा मुश्किलों में फंस गए.
उनके समर्थक होटल मालिक को ढूंढते हुए उनके घर भी जा पहुंचे थे और गाली-गलौज के साथ घर में घुस गए। इस दौरान नितिन जैन की पत्नी वर्षा सहित उनकी मां के साथ भी गाली-गलौज की गई। इस मामले में नगीन जैन की रिपोर्ट पर पुलिस ने मंत्री समर्थक विजय सिंह पंवार, धर्मेन्द्र सिंह नाथावत और ओपी बना सहित कुछ अन्य लोगों के खिलाफ धारा 452, 427, 294, 506, 34 के तहत प्रकरण दर्ज किया था।
नांदेचा जैन परिवार की ओर से रिपोर्ट दर्ज करवाने के तुरंत बाद होटल मालिक नितिन जैन के खिलाफ भी अनुसूचित जनजाति अधिनियम के तहत एक प्रकरण दर्ज किया गया। मालिक नितिन के खिलाफ एक आदिवासी युवक ने उधार के रुपए मांगने पर धमकी देने और गाली-गलौज करने की शिकायत दर्ज करा दी थी। अब होटल मालिक ने सीधे मंत्री पर आरोप लगाए हैं.