
अब इस तरीके से होगा कोरोना संक्रमित मरीजों का इलाज, जल्द मिलेगा फायदा
भोपाल. कोविड के मरीजों को दवा के साथ देखभाल, स्पर्श, मोटीवेशन से भी काफी हद तक दुरुस्त किया जा सकता है। इस संबंध में ठीक होकर बाहर निकले एक हजार से ज्यादा कोविड मरीजों से फीडबैक लेने के बाद ड्यूटी का रोस्टर चार्ट बनाया गया है। जो हमीदिया में शुक्रवार से लागू होगा। नए मॉड्यूल में तैनात अमले को गुरुवार को संभागायुक्त कवींद्र कियावत ने पहले मॉटीवेट किया और फीडबैक के आधार पर बताया कि संवेदना से भी विश्वस्तरीय उपचार संभव है। उनको एक दिवसीय ट्रेनिंग भी दी गई। हमीदिया में 50 बिस्तरों का एक और आईसीयू शनिवार से काम करना शुरू कर देगा।
उधर, शहर में आयोजित एक सरकारी आयोजन के बाद बाहर निकली महिलाएं फोटो खिंचाने के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क लगाना ही भूल गईं। इसी तरह की लापरवाहियों के कारण कोरोना संक्रमण बेकाबू होता जा रहा है।
यह होगा मूलमंत्र
50 बिस्तरों वाले नए वार्ड में 15-15 दिन में तीन पारियों में सफाई कर्मियों सहित नर्स, पैरामेडिकल स्टाफ और विशेषज्ञ डॉक्टर की तैनाती की गई है। इस नई टीम की गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप ट्रेनिंग और रिहर्सल हुई। इस नए वार्ड का मूलमंत्र होगा, मरीजों को पारिवारिक, आनंददायक और संवेदनशील माहौल के बीच बेहतर उपचार देना। ये ट्रेनिंग गांधी मेडीकल कॉलेज के ऑडिटोरियम में आयोजित की गई। जहां ट्रेनिंग और मरीजों के साथ व्यवहार के अलावा उपचार के टिप्स भी दिए गए।
जाने से पहले फीडबैक देगी टीम
संभागायुक्त ने बताया कि अब हमीदिया में ड्यूटी बदलने के बाद टीम सीधे घर नहीं जाएगी। ड्यूटी बदलने के बाद नई ड्यूटी के स्टाफ के साथ वह मरीजवार स्थिति पर डिस्कशन करेगी। आगे की रणनीति बनाकर ही वार्ड छोड़ेगी। जिससे संवाद बना रहेगा और एक जैसा इलाज मिलता रहेगा। नए अस्पताल में पूरी टीम की जवाबदारी को वैज्ञानिक ढंग से तय किया है, ताकि सब अपना शत-प्रतिशत देकर मरीज को बचासकें। मरीज के लक्षणों के आधार पर उपचार की भी श्रेणियां बनाई गई हैं।
Updated on:
25 Sept 2020 01:44 am
Published on:
25 Sept 2020 01:44 am
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