4 नवंबर 2026,

बुधवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

स्वच्छता में इस बार रहेगा MP का दबदबा, सुपर लीग में इंदौर और टॉप-3 में भोपाल

Swachh Survekshan-2024: स्वच्छता में इस बार भी मध्यप्रदेश का दबदबा कायम रहेगा। राजधानी भोपाल की रैकिंग इस बार सुधरी है। भोपाल टॉप-3 में शामिल है। पिछले बार का तरह ही स्वच्छ राजधानी का तमगा भी फिर से मिलने की उम्मीद है।
1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भोपाल

•

image

Avantika Pandey

•

Updated: 13 Jul 2025, 9:04 AM IST

Swachh Survekshan-2024

Swachh Survekshan-2024 (फोटो सोर्स : पत्रिका)

Swachh Survekshan-2024: स्वच्छता में इस बार भी मध्यप्रदेश का दबदबा कायम रहेगा। राजधानी भोपाल की रैकिंग इस बार सुधरी है। भोपाल टॉप-3 में शामिल है। पिछले बार का तरह ही स्वच्छ राजधानी का तमगा भी फिर से मिलने की उम्मीद है। इंदौर का मुकाबला 11 शहरों से है। इंदौर स्वच्छता सर्वे की सुपर स्वच्छता लीग में शामिल है। सुपर लीग श्रेणी में इंदौर, उज्जैन और बुदनी को भी अवॉर्ड मिलेगा। प्रदेश के 8 शहर सम्मानित किए जाएंगे।

नॉमिनेशन सूची जारी

केंद्र सरकार ने शनिवार को 2024 के स्वच्छता सर्वेक्षण में अव्वल चल रहे शहरों की नॉमिनेशन सूची जारी की। इनमें स्वच्छता लीग सम्मान, राष्ट्रपति सम्मान, देश-राज्यों की विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले निकायों को सम्मानित किया जाएगा। 17 जुलाई को नई दिल्ली स्थित विज्ञान भवन में आयोजन होगा। कार्यक्रम की अध्यक्षता राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु करेंगी। इसमें नगरीय विकास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, राज्य मंत्री प्रतिमा बागरी भी शामल होंगी।

इन शहरों को राष्ट्रपति सम्मान

भोपाल, देवास और शाहगंज को राष्ट्रपति पुरस्कार मिलेगा। इसके अलावा आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल खट्टर जबलपुर और ग्वालियर को उल्लेखनीय प्रयासों के लिए सम्मानित करेंगे। कचरा मुक्त शहरों की स्टार रेटिंग और ओडीएफ/वाटर प्लस के परिणाम भी इसी दिन जारी किए जाएंगे।

10 लाख आबादीवाले शहरों में इंदौर

10 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में इंदौर को अवॉर्ड दिया जाएगा। 3 से 10 लाख तक की जनसंख्या में उज्जैन और 20 हजार से अधिक जनसंख्या वाले में सीहोर जिले की बुदनी को अवॉर्ड मिलेगा।

इस कैटेगरी में अवॉर्ड

  • प्रेसिडेंटियल अवॉर्ड: भोपाल, देवास, शाहगंज
  • मिनिस्ट्रियल अवॉर्ड: जबलपुर( स्पेशल कैटेगरी), ग्वालियार(स्टेट लेवल)

पिछली बार भोपाल 5वें नंबर पर था: भोपाल पिछले सर्वे(Swachh Survekshan-2024) में नंबर-5 पर था। इस बार रैंकिंग सुधरने का एक कारण यह भी है कि कचरा प्रोसेसिंग में सुधार है। फरवरी में हुई ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में काफी काम हुए,इससे भी लाभ मिला।