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Flood In UP: दिल्ली-पौड़ी हाईवे पर डेढ़ से 3 फीट पानी, बिजनौर में उफनी नदियां, हाईवे बना दरिया, हजारों वाहन फंसे

Flood in UP: उत्तराखंड की भारी बारिश का असर बिजनौर में दिखने लगा है। उफनती नदियों के कारण कई गांवों में बाढ़ जैसे हालात हैं।
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बिजनोर

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Mohd Danish

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Updated: 7 Aug 2025, 11:28 AM IST

Flood in UP highway closed delhi paudi road submerged river overflow bijnor

Flood In UP: दिल्ली-पौड़ी हाईवे पर डेढ़ से 3 फीट पानी | Image Source - Social Media

Flood in UP highway closed delhi paudi road submerged: उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश का असर अब उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले पर साफ नजर आने लगा है। जिले की कई नदियां उफान पर हैं और हालात बाढ़ जैसे बन गए हैं। मालन और गागन नदी समेत आधा दर्जन नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने से कई गांव जलमग्न हो गए हैं।

मालन नदी का तटबंध टूटा

बिजनौर की मालन नदी का तटबंध टूटने से आसपास के करीब दो दर्जन गांवों में बाढ़ का पानी घुस गया है। ग्रामीणों को घरों से निकलने तक में परेशानी हो रही है। वहीं नहटौर क्षेत्र में गागन नदी का तटबंध भी टूट गया है, जिससे इलाके में भारी जलभराव हो गया है। धामपुर से नहटौर को जोड़ने वाला मुख्य मार्ग बंद कर दिया गया है।

दिल्ली-पौड़ी हाईवे पर डेढ़ से 3 फीट पानी

सबसे बड़ी चिंता की बात यह है कि दिल्ली-पौड़ी नेशनल हाईवे-34 पर बंगाली कॉलोनी के पास हाईवे पर डेढ़ से तीन फीट तक पानी भर गया है। इससे सड़क पूरी तरह जलमग्न हो चुकी है। कुछ जगहों पर तो सड़क किनारे कटान भी हो गया है, जिससे आवाजाही बेहद खतरनाक हो गई है। इसे देखते हुए गुरुवार सुबह 6 बजे पुलिस ने हाईवे को पूरी तरह से बंद कर दिया।

हजारों वाहन फंसे, दिल्ली से टूटा संपर्क

हाईवे बंद होने के कारण दिल्ली से बिजनौर का संपर्क टूट गया है। दोनों ओर हजारों वाहन फंसे हुए हैं। यातायात ठप हो जाने से लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। टीएसआई नितिन मलिक ने जानकारी दी कि बैराज रोड से भी वाहनों का आवागमन रोक दिया गया है।

जलस्तर घटा पर हालात जस के तस

हालांकि गंगा नदी का जलस्तर बुधवार रात 3.88 लाख क्यूसेक से घटकर गुरुवार सुबह 2.86 लाख क्यूसेक पर आ गया है, लेकिन जमीन पर लोगों की मुश्किलें कम नहीं हुई हैं। गांवों में पानी भरा होने से लोग घरों में कैद हैं। खाने-पीने के सामान की भारी किल्लत है। सबसे ज्यादा परेशानी मवेशियों को हो रही है चारा और पानी दोनों का अभाव है।

प्रशासन मुस्तैद, राहत और बचाव जारी

बिजनौर की जिलाधिकारी जसजीत कौर ने बताया कि जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। सिंचाई विभाग, राजस्व विभाग और अन्य टीमें प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। दोनों तटबंधों की मरम्मत का कार्य भी युद्धस्तर पर जारी है। अधिकारियों की टीम मौके पर मौजूद है और हालात पर कड़ी नजर रखी जा रही है।