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यहाँ शिकायत सही थाने पहुंचने में लग गए 6 महीने, चलकर भी आता प्रार्थी तो 9 दिनों में पहुंच जाता, पैसों से भरा बैग हुआ था चोरी

पीडि़त की शिकायत सही थाने पहुंचने में लगे 6 माह (took six months to file case against crime) , फिर हुआ अपराध दर्ज

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GRP police took 6 months to file case against money theft

यहाँ शिकायत सही थाने पहुंचने में लग गए 6 महीने, चलकर भी आता प्रार्थी तो 9 दिनों में पहुंच जाता, पैसों से भरा बैग हुआ था चोरी

बिलासपुर. राउरकेला से पूणे (theft while travelling from rourkela to pune) जा रहे यात्री का एसी कोच में रुपए से भरा बैग चोरी गया (stolen bag full of money) । घटना 26 जनवरी 2019 की है। पीडि़त ने 27 जनवरी को जीआरपी थाना पुणे (complaint registered in Pune grp police station) में शिकायत दर्ज कराई थी। पूणे से डायरी रायपुर पहुंचने में 4 माह और रायपुर से बिलासपुर जीआरपी पहुंचने में 2 माह 5 दिन का समय लग गया। 6 माह 5 दिन बाद अपराध दर्ज करने में पुलिस को लग गए तो भला जांच करने में कितना समय लगेगा यह तो अपने आप में ही एक सवाल है।

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जीआरपी से मिली जानकारी के अनुसार पांडुरीशिला बनाईगढ़ जिला सुंदरगढ़ ओडिशा निवासी हीमांशु शेखर नंदा (40) पैथेलाजीकल लैब संचालक 26 जनवरी को 22846 हटिया पुणे एक्सप्रेस कोच बी3 नं. 65,66 में सफर कर रहे थे। राउरकेला के पास उनकी आंख लग गई और चांपा के पास जब नींद से जागे तो देखा की उनका लाल रंग का बैग इसमें 70 हजार रुपए नगद, दवाई की पर्ची व इस्तेमाली कपड़े रखे थे। वह गायब हो चुका था (bag theft in train) ।

पीडित ने पुणे पहुंचने के बाद मामले की शिकायत पुणे जीआरपी में दर्ज कराई। पुणे जीआरपी ने मामले को जीरों में दर्ज कर डायरी संबंधित थाने को भेजनी थी। पुणे से डायरी चली जिसे रायपुर जीआरपी तक पहुंचने में लगभग 4 माह का समय लग गया (crime in train) । घटना स्थल राउलकेला से चांपा के बीच होने के कारण रायपुर से डायरी एक बार फिर सही थाने की तलाश में निकली और इस बार वह लगभग 2 माह 5 में बिलासपुर जीआरपी पहुंची जिस पर बिलासपुर जीआरपी ने धारा 379 के तहत अपराध दर्ज कर जांच में लिया है।

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