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न्यू एज बिट: पैसे से पैसा बनाने में आगे है छत्तीसगढ़ का यह शहर , बना इमरजिंग मार्केट

इन दिनों लोग म्यूचुअल फंड और शेयर मार्केट की तरह तेजी से रूख कर रहे हैं, क्योंकि बैंक में पैसे रखने से मामूली ब्याज दिया जाता है, पर शेयर बाजार और म्यूचुअल फंड में इनवेस्ट करने से अधिक लाभ हो रहा है। हालांकि यह सच यह भी है कि म्युचअल फंड और शेयर में पैसा लगाना जोखिम भरा काम है। कई बार अपेक्षा के अनुरूप लाभ नहीं मिल पाता है।

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न्यू एज बिट:  पैसे से पैसा बनाने में आगे है छत्तीसगढ़ का यह  शहर , बना इमरजिंग मार्केट

file Photo

बिलासपुर. एक्सपर्ट ने बताया किम्यूचुअल फंड और शेयर बाजार तेजी से बढ़ता जा रहा है। लोग अब बैंक में अपना पैसा नहीं रख रहे हैं। बैक में रखने से उन्हें अधिक ग्रोथ यानी की ब्याज नहीं मिल रहा है। म्यूचुअप फंड में दोगुना लाभ मिल रहा है। कोरोना काल के बाद म्यूचुअल फंड का मार्केट काफी अच्छा रहा है। उन्होंने बताया कि आपने म्यूचुअल फंड को मैनेज करने के लिए एक एक्सपर्टाइज की टीम होती है, जो यह निश्चत करती है कि आप किस तरह के शेयर में निवेश करें। वर्तमान में लगभग 6 हजार 700 करोड़ का निवेश लोगों ने निवेश किया है। 12 हजार करोड़ लोग एसआईपी के माध्यम से निवेश किए हैं। साथ ही बताया कि वे खुद 300 करोड़ का फंड मैनेज कर रहे हैं।

शेयर मार्केट में इऩवेस्ट करने के लिए पहले डीमेट अकाउंट खोलना होगा। यहां से शेयर बाजार में निवेश कर सकते हैं। इसमें छोटे निवेश भी कर सकते हैं। इसमें मार्केट के अनुसार फायदा होगा। यह निवेश भविष्य के लिए सेविंग देता है। स्टॉक मार्केट में इक्वीटी इनवेस्टमेंट पर 2022 से 2023 के बीच तक 3 प्रतिशत का ग्रोथ आया है। इसमें टोटल डीमट अकाउंट 10.4 करोड़ रहा है। कुल इनवेस्टर 1.2 करोड़ रहे हैं। उदाहरण के रूप में अदाणी ग्रुप के शेयर ने इनवेस्टरों को अधिक मुनाफा दिलाया है, लेकिन टेक्नोलॉजी के सेक्टर में गिरावट दिखाई दी है।

शहर में कोविड के बाद म्यूचुअल फंड और शेयर बाजार मे काफी बूम भी आया है। दिनों दिन इसका काफी क्रेज भी जिले में बढ़ रहा है। आईएफए के एक्सपर्ट अजय अग्रवाल ने बताया कि जिले में म्यूचुअल फंड में काफी बूम आया है। लोगों में इसका काफी क्रेज भी बढ़ा है। बिलासपुर इसके लिए इमरजिंग मार्केट साबित हो रहा है, लेकिन थोड़ा लंबे समय तक इसमें इनवेस्ट करने से अधिक लाभ होगा। साथ ही बताया कि वे लर्निंग प्रोग्राम से लोगों को म्यूचुअल फंड की जानकारी भी देते हैं।

म्यूचुअल फंड और पेंशन लोन से 2 लाख तक की छूट

म्यूचुअल फंड और एलआईसी, पब्लिक प्रोविजन इनवेस्टमेंट में टैक्स में डेढ़ लाख तक की छूट ले सकते हैं, लेकिन शेयर लेने में छूट नहीं मिलेगी। पेंशन स्कीम में 50 हजार की छूट मिल सकती है। इसके अलावा एजुकेशन लोन में टैक्स के ब्याज में छूट मिलता है।

आशीष अग्रवाल, सीए

घरेलू शेयर बाजार में बढ़त के बावजूद वैश्विक स्तर पर बाजार का दृष्टिकोण अस्पष्ट रहा है। आईपीओ लाने वाली कंपनियों का खराब प्रदर्शन रहा है। वैश्विक मंदी की आशंका के बीच आईटी कंपनियों के शेयरों में कमजोरी आई है। साथ ही बताया कि जेनरिक दवाओं की कीमतों में कमी आने से फर्म सेक्टर भी प्रभावित हुए हैं। कोरोना के बाद मार्केट काफी बूम किया है। बैंक के शेयरों में रिकवरी देखी जा रही है।

देव कुमार प्रजापति, एक्सपर्ट, डिसीप्लीन ट्रेडर्स