28 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

CG Constable Recruitment: छत्तीसगढ़ में कांस्टेबल भर्ती पर हाईकोर्ट की रोक, अपॉइंटमेंट लेटर पर लगा स्टे

CG Constable Recruitment: कोर्ट ने 2023 में करीब 6,000 पदों की भर्ती से जुड़े अपॉइंटमेंट लेटर जारी करने पर रोक लगाते हुए राज्य सरकार और अधिकारियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

2 min read
Google source verification
कांस्टेबल भर्ती पर रोक (photo source- Patrika)

कांस्टेबल भर्ती पर रोक (photo source- Patrika)

CG Constable Recruitment: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट (CG High Court) ने कांस्टेबल भर्ती प्रक्रिया में गंभीर गड़बड़ियों के कारण आगे के अपॉइंटमेंट लेटर जारी करने पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने राज्य सरकार और भर्ती प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। यह मामला 2023 में होने वाली लगभग 6,000 कांस्टेबल पदों की भर्ती से जुड़ा है।

CG Constable Recruitment: CCTV फुटेज भी डिलीट किए गए

रिक्रूटमेंट प्रोसेस के दौरान, फिजिकल टेस्ट के दौरान करप्शन और गलत फायदा उठाने के आरोप लगे। फिजिकल टेस्ट के लिए डेटा रिकॉर्डिंग का काम टाइम्स टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड को आउटसोर्स किया गया था। आरोप है कि कंपनी ने फेयरनेस का पालन नहीं किया और कुछ कैंडिडेट्स को पैसे के लेन-देन के ज़रिए गलत फायदा पहुंचाया।

इससे प्रभावित होकर जिला सक्ती, बिलासपुर, रायगढ़ और मुंगेली के निवासी मनोहर पटेल, विवेक दुबे, मृत्युंजय श्रीवास, कामेश्वर प्रसाद गजराज पटेल, अजय कुमार, जितेश बघेल, अश्वनी कुमार यादव और ईशान ने अधिवक्ता मतीन सिद्दीकी के माध्यम से उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। याचिका की सुनवाई 27 जनवरी 2026 को न्यायमूर्ति पार्थ प्रतिम साहू की कोर्ट में हुई। अधिवक्ता मतीन सिद्दीकी ने दलील दी कि पुलिस अधीक्षक जिला बिलासपुर ने स्वयं स्वीकार किया कि फिजिकल टेस्ट में कई गड़बड़ियां हुईं और गलत डेटा दर्ज किया गया। साथ ही CCTV फुटेज भी डिलीट किए गए हैं।

नई भर्ती कराई जाएगी

सरकार की कार्रवाई में 129 कैंडिडेट्स के नाम सामने आए, जिन्हें गलत फ़ायदा दिया गया और ज़्यादा नंबर दिए गए। पुलिस रिक्रूटमेंट प्रोसीजर रूल्स 2007 के रूल 7 के मुताबिक, अगर कोई गड़बड़ी पाई जाती है, तो पूरी रिक्रूटमेंट प्रोसेस कैंसिल कर दी जाएगी और नई रिक्रूटमेंट प्रोसेस शुरू की जाएगी। पिटीशनर्स का आरोप है कि टाइम्स टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड द्वारा ऑर्गनाइज़ किए गए लॉन्ग जंप, जेवलिन थ्रो और दूसरे फिजिकल एक्टिविटी इवेंट्स में गंभीर गड़बड़ियां हुईं। किसी इंडिपेंडेंट एजेंसी या CBI से जांच कराने पर पूरे राज्य में करप्शन और गड़बड़ियों का पता चलेगा।

बड़ी कार्रवाई होने की संभावना

CG Constable Recruitment: जस्टिस पार्थ प्रतिम साहू ने राज्य सरकार और संबंधित अधिकारियों को अगली सुनवाई तक कोई भी कांस्टेबल अपॉइंटमेंट ऑर्डर जारी न करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने कहा कि सिलेक्शन प्रोसेस पूरा करना और फाइनल लिस्ट जारी करना अभी गैर-कानूनी है। इस फैसले से राज्य में कांस्टेबल भर्ती प्रोसेस में ट्रांसपेरेंसी और इंसाफ पक्का करने के लिए बड़ी कार्रवाई होने की उम्मीद है। मेरिट के आधार पर नहीं चुने गए कैंडिडेट्स को भी उम्मीद है कि कोर्ट सही फैसला देगा।