27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

The Vaccine War: विवेक अग्निहोत्री ने प‌त्रिका को बताया- क्यों होती है उनकी फिल्मों पर कंट्रोवर्सी

Vivek Agnihotri: विवेक अग्निहोत्री ने कहा कि कश्मीरी पंडितों के साथ जो भी हुआ, क्या इसको कोई नकार सकता है। यदि इसको कोई नकारता है तो वह राष्ट्रीय मुद्दों के साथ नहीं है।

2 min read
Google source verification
vivek_agnihotri.jpg

विवेक अग्निहोत्री ने बताया कि हमारी कंपनी रिसर्च पर काफी समय और पैसा सर्च करता है।

'द कश्मीर फाइल्स' से चर्चा में आए फिल्म निर्देशक विवेक अग्निहोत्री बेबाक बात कहने के लिए जाने जाते हैं। वे भारतीय सिनेमा के अग्रणी फिल्ममेकर्स में से एक हैं, जो मीनिंगफुल सिनेमा और समाज को आईना दिखाने वाला कंटेंट देने के लिए जाने जाते हैं। इसी तरह की उनकी अगली फिल्म ‘द वैक्सीन वॉर’ रिलीज के लिए तैयार है। फिल्म में उनकी पत्नी पल्लवी जोशी हैं, जो फिल्म की निर्माता भी हैं और एक महिला वैज्ञानिक की भूमिका निभा रही हैं।

पत्रिका के पत्रकार कमलेश शर्मा ने विवेक अग्निहोत्री से उनकी अपकमिंग फिल्म को लेकर ख्रास बात की हैं।

सीक्वल नहीं सोचता
मैं एक फिल्म को बना लेता हूं तो उसके दूसरे पार्ट के बारे में नहीं सोचता हूं। एक नए विषय को लेकर काम करता हूू। मुझे खुद रिसर्च कर एक नई दुनिया में जाना अच्छा लगता है। मैं चाहता हूं कि जिस नई दुनिया में मैं जाता हूं, उसे दर्शकों को भी दिखाना चाहता हूं। यही मेरी कोशिश रहती है। ‘द वैक्सीन वॉर’ फिल्म की रिसर्च को लेकर विवेक कहते हैं कि इसका रिसर्च कश्मीर फाइल से पहले ही शुरू कर दिया था। हम हर वक्त दो विषयों पर काम करते रहते हैं। ‘डेहली फाइल्स’ की बात करें तो हम पिछले तीन साल से इस विषय पर रिसर्च कर रहे हैं। हम फिल्म पर तक तक रिसर्च जारी रखते हैं, जब तक की उसकी तह तक नहीं चले जाएं। फिल्म की रिलीज डेट भी हम फिक्स नहीं रखते हैं।

कश्मीर फाइल्स पर सवाल क्यों
कश्मीरी पंडितों के साथ जो भी हुआ, क्या इसको कोई नकार सकता है। यदि इसको कोई नकारता है तो वह राष्ट्रीय मुद्दों के साथ नहीं है। विवेक ने नसरुद्दी के फिल्म के खिलाफ दिए गए बयान को खराब मानसिकता को जिम्मेदार ठहराया।

बॉलीवुड रिसर्च में पैसा नहीं लगाता है
विवेक ने बताया कि हमारी कंपनी रिसर्च पर काफी समय और पैसा सर्च करता है। बॉलवुड फिल्मों की रिसर्च पर कोई खास समय और पैसा खर्च नहीं करता है। बिना रिसर्च के ही फिल्में दर्शकों को परोस दी जाती हैं और उसके बाद उन फिल्मों का क्या हाल होता है। ये हम सब को मालूम है ही। विवेक ने बताया कि मैं बिना रिसर्च के मैं फिल्म नहीं बनाता हूं। इसीलिए मेरी फिल्मों पर कंट्रोवर्सी होती है। मैं यूथ को कहना चाहता हूं कि भारत में ही रहें। हमारे देश सब कुछ उपलब्ध है। हमें मिलकर इस नई ऊंचाइयों तक ले जाना है।

फिल्म में नाना पाटेकर, पल्लवी जोशी, राइमा सेन, अनुपम खेर, निवेदिता भट्टाचार्य, सप्तमी गौड़ा और मोहन कपूर हैं। यह फिल्म 28 सितंबर को रिलीज होने वाली है।