
'द केरल स्टोरी 2' के टीजर को मिला संत-समाज का समर्थन (इमेज सोर्स: IMDb और IANS)
The Kerala Story 2 Controversy: ‘द केरल स्टोरी 2’ का टीजर आते ही इंटरनेट पर बवंडर मचा हुआ है। जहां एक ओर सोशल मीडिया पर लोग इसे लेकर तेज बहस कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर देश का संत-समाज खुलकर फिल्म के समर्थन में उतर आया है। कामाख्या नारायण सिंह के निर्देशन में बनी इस फिल्म के टीजर में हिंदू लड़कियों को प्यार में फंसा कर जबरन धर्मांतरण कराने की कहानी को भावनात्मक अंदाज में दिखाया गया है।
नासिक अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष रविंद्र पुरी ने इस मामले पर कहा, "पहली फिल्म ने पूरी सच्चाई दिखाई थी कि जिहादी हिंदू बहन-बेटियों के साथ क्या करते हैं। ये नाना प्रकार के जिहाद देश में सालों से फैलाते हैं। मेरा सभी सनातनियों से कहना है कि हमें इन जिहादियों से खुद को बचाना होगा। वे कभी हमारे नहीं हो सकते। हमें द केरल स्टोरी 2 को पूरा देखना चाहिए। फिल्म जिहादियों का पर्दाफाश करने के लिए बनाई गई है।"
अयोध्या के जगतगुरु परमहंस आचार्य ने 'द केरल स्टोरी 2' के टीजर पर एक न्यूज एजेंसी से बातचीत में कहा, "लव जिहाद अपने चरम पर है, और एक भी हिंदू लड़की सुरक्षित नहीं है। लड़की के पैदा होने का मतलब है कि वे जिहादियों के निशाने पर आ गई हैं। दिल्ली में भी 6 साल की बच्ची के साथ विशेष समुदाय के तीन लोगों ने दुष्कर्म किया है, ऐसे में जो लोग 'द केरल स्टोरी 2' का विरोध कर रहे हैं, वे देश को बर्बाद करना चाहते हैं। ये लोग घृणित सोच वाले लोग हैं, जो महिला के प्रति गंदी मानसिकता रखते हैं। लव जिहाद पर सरकार को अब बहुत कठोर कानून बनाने की जरूरत है।"
ऋषिकेश के श्री भरत मिलाप आश्रम के प्रमुख स्वामी नारायण दास ने सच्चाई को साहसपूर्वक उजागर करने के लिए 'द केरल स्टोरी 2' की प्रशंसा की और जबरन धर्मांतरण के खिलाफ चेतावनी दी।
उन्होंने कहा, "मैं फिल्म नहीं देखता, पर मैंने इस फिल्म के बारे में बहुत सुना है। किसी का जबरन धर्मांतरण करना महापाप है और फिल्म जिहादियों के धर्मांतरण को दिखाती है कि कैसे वे हमारी बच्चियों को शिकार बनाते हैं। इस मानसिकता को समर्थन करने वाला भी पापी है।"
'द केरल स्टोरी 2' के टीजर पर सीताराम दास महाराज ने कहा, 'द केरल स्टोरी 2' वास्तविकता को दिखाने का काम कर रही है। मैं इसका विरोध करने वालों से पूछना चाहता हूं कि सच दिखाने में क्या अपराध है? हमारी बेटियां जो डॉक्टर बनना चाहती हैं, इंजीनियर या फिर जज बनना चाहती हैं, उन्हें प्रेम जाल में फंसाकर उनका जीवन बर्बाद कर दिया जाता है। जो लोग इस फिल्म का विरोध कर रहे हैं, वो आतंकवादी हैं, देशद्रोही हैं और उन्हें देश में रहने का हक नहीं है।"
Updated on:
30 Jan 2026 10:17 pm
Published on:
30 Jan 2026 10:17 pm
